केंद्र सरकार ने स्वच्छ भारत मिशन-ग्रामीण के तहत देश के दो लाख गांवों में कचरा प्रबंधन के लिए 40,700 करोड़ रुपये आवंटित किए हैं। जलशक्ति मंत्रालय ने मंगलवार को बताया कि यह राशि मौजूदा वित्तीय वर्ष में खर्च की जाएगी।
जलशक्ति मंत्रालय ने राज्यों व केंद्र शासित प्रदेशों के लिए वार्षिक अनुपालन योजना को मंजूरी दे दी है। इसमें केंद्र सरकार 14000 करोड़ रुपये की हिस्सेदारी होगी और 8300 करोड़ रुपये राज्यों द्वारा खर्च किए जाएंगे।
इसके बाद 1500 करोड़ रुपये राज्यों द्वारा विभिन्न बिजनेस मॉडल, सीएसआर और अन्य योजनाओं से निवेश किए जाएंगे। स्वच्छ भारत मिशन ग्रामीण के दूसरे चरण का उद्देश्य गांवों में व्यापक स्वच्छता प्राप्त करना है, और गांवों को खुले में शौच से मुक्त करने के लिए जिसे ओडीएफ स्थिरता पर ध्यान केंद्रित करके ओडीएफ प्लस दर्जे पर ध्यान केंद्रित किया जास्थिति भी कहा जाता है और गांवों में एसएलडब्ल्यूएम व्यवस्था सुनिश्चित करना है।
50 लाख घरों में बनेंगे शौचालय
स्वच्छ भारत मिशन ग्रामीण के दूसरे चरण के अंतर्गत 2021-22 में 50 लाख घरों में निजी शौचालय बनाए जाएंगे। इसके अलावा एक लाख सामुदायिक शौचालय, देश के 2400 ब्लॉक में प्लास्टिक कचरा प्रबंधन इकाई स्थापित की जाएंगी।