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Seat Ka Samikaran: BJP को खाता खुलने का इंतजार, राजद को 2020 में मिली पहली जीत, ऐसा है दिनारा का चुनावी इतिहास

Tue, 07 Oct 2025 07:03 AM IST
अस्मिता त्रिपाठी इलेक्शन डेस्क, अमर उजाला

सार

बिहार की विधानसभा सीटों से जुड़ी खास सीरीज ‘सीट का समीकरण’ में आज बात  दिनारा सीट की करेंगे। इस सीट पर मौजूदा समय में राजद के विजय कुमार मंडल विधायक हैं।
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बिहार चुनाव 2025 - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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बिहार में चुनावों की तारीखों का एलान हो गया है। बिहार में दो चरणों में 6 और 11 नवंबर को चुनाव होगें। वहीं, 14 नवंबर को नतीजे आएंगे। इस सियासी हलचल के बीच अमर उजाला की खास सीरीज ‘सीट का समीकरण’ में आज दिनारा विधानसभा सीट की बात करेंगे। इस सीट पर मौजूद समय में राजद के विजय कुमार मंडल विधायक हैं। 

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बिहार के 38 जिलों में से एक जिला रोहतास भी है। रोहतास जिला तीन अनुमंडल और 19 ब्लॉक में बंटा है। जिले में सात विधानसभा सीट हैं। इनमें चेनारी (एससी),सासाराम, करगहर, दिनारा, नोखा, डेहरी, काराकाट शामिल हैं। ‘सीट का समीकरण’ सीरीज में आज दिनारा विधानसभा सीट की बात करेंगे। दिनारा विधानसभा सीट से 1952 में पहली बार चुनाव हुआ था। 

1952: कांग्रेस को जीत मिली

1952 के चुनाव में कांग्रेस के रामानंद उपाध्याय को जीत मिली। उन्होंने किसान मजदूर प्रजा पार्टी के राजेंद्र प्रताप सिंह उर्फ बालाजी को 1,672 वोट से हराया। रामानंद उपाध्याय को कुल 7,977 वोट मिले। वहीं, राजेंद्र प्रताप सिंह को 6,305 वोट मिले। 

1957: प्रजा सोशलिस्ट पार्टी को जीत मिली

  • 1957 के चुनाव में प्रजा सोशलिस्ट पार्टी के राम आशीष सिंह को जीत मिली। उन्होंने कांग्रेस के हाफिज मंजूर हुसैन को 6,328 वोट से हराया। राम आशीष को कुल 18,611 वोट मिले। वहीं, हाफिज मंजूर हुसैन को कुल 12,283 वोट मिले। 
  • 1962 के चुनाव में  प्रजा सोशलिस्ट पार्टी के  राम आशीष सिंह ने फिर से जीत दर्ज की। उन्होंने कांग्रेस के रामजी सिंह को 7,760 वोट से हराया। वहीं, राम आशीष सिंह को 25,692 वोट मिले। वहीं, रामजी सिंह को 17,932 वोट मिले। 
  • 1967 के चुनाव में संसोपा के राम आशीष सिंह ने जीत की हैट्रिक लगाई। उन्होंने कांग्रेस के रामजी सिंह को 15,439 वोट से हराया। राम आशीष को 27,154 वोट मिले। वहीं, रामजी सिंह को 11,715 वोट मिले।  

1969:  कांग्रेस को जीत मिली

  • 1969 के चुनाव में कांग्रेस के रामनंद प्रसाद सिंह को जीत मिली। उन्होंने शोषित दल के राम आशीष सिंह को 4,859 वोट से हराया। रामनंद प्रसाद सिंह को कुल 17,242 वोट मिले। वहीं, राम आशीष को 12,383 वोट मिले। 
  • 1972 के चुनाव में कांग्रेस (ओ) के राम नारायण साह को जीत मिली। उन्होंने कांग्रेस के रामनंद सिंह को 8,290 वोट से हराया। राम नारायण साह को 30,781 वोट मिले। वहीं, रामनंद सिंह को 22,491 वोट मिले।

1977: जनता पार्टी को जीत मिली

1977 के चुनाव में जनता पार्टी के श्योपूजन सिंह को जीत मिली। उन्होंने कांग्रेस के लक्ष्मण राय को 5,037 वोट से शिकस्त दी। श्योपूजन सिंह को कुल 20,184 वोट मिले। वहीं, लक्ष्मण राय को 15,147 वोट मिले। 

1980:  कांग्रेस को जीत मिली

  • 1980 के चुनाव में कांग्रेस ( आई) लक्ष्मण राय को जीत मिली। उन्होंने जनता पार्टी के रामधनी सिंह को 7,001 वोट से हराया। लक्ष्मण राय को 34,708 वोट मिले। वहीं, रामधनी सिंह को 27,707 वोट मिले।
  • 1985 के चुनाव में  कांग्रेस के लक्ष्मण राय दिनारा से दोबारा विधायक बने। उन्होंने लोकदल के रामधनी सिंह को 4,217 वोट से हराया। लक्ष्मण राय को 51,737 वोट मिले। वहीं, रामधनी सिंह को 47,520 वोट मिले।

1990: जनता दल को जीत मिली

  • 1990 के चुनाव में जनता दल के रामधनी सिंह के जीत मिली। उन्होंने कांग्रेस के लक्ष्मण राय को 4,124 वोट से हराया। रामधनी सिंह को 33,068 वोट मिले। वहीं,लक्ष्मण राय को 28,944 वोट मिले। 
  • 1995 के चुनाव में जनता दल के रामधनी सिंह के जीत मिली। उन्होंने कांग्रेस के लक्ष्मण राय को 22,934 वोट से हराया। रामधनी सिंह 58,518 वोट मिले। वहीं, लक्ष्मण राय को 33,584 वोट मिले। 
  • 2000 के चुनाव में जदयू के रामधनी सिंह को 11,078 वोट से जीत मिली। राजद के सरोज कुमार गुप्ता दूसरे नंबर पर रहे। रामधनी  सिंह को कुल 53,489 वोट मिले। वहीं, सरोज कुमार गुप्ता को 42,411 वोट मिले। 
  • फरवरी 2005 के चुनाव में जदयू के रामधनी सिंह चौथी बार दिनारा से विधायक बने। इस बार उन्होंने बसपा के अरुण कुमार सिंह को 2,778 वोट से हराया। रामधनी सिंह को कुल 32,443 वोट मिले। वहीं, अरुण कुमार को 29,665 वोट मिले।  रामधनी  सिंह बिहार सरकार में स्वास्थ मंत्री रहे हैं। 

अक्तूबर 2005: बसपा को जीत मिली

अक्तूबर 2005 के चुनाव में बसपा की सीता सुंदरी देवी को जीत मिली। उन्होंने जदयू के रामधनी सिंह को मात्र 884 वोट से हराया। सीता सुंदरी देवी को 41,938 वोट मिले। वहीं, रामधनी सिंह को 41,054 वोट मिले। 

2010: जदयू को जीत मिली

  • 2010 के चुनाव में जदयू के जय कुमार सिंह को जीत मिली। उन्होंने राजद की सीता सुंदर देवी को 16,610 वोट से हराया। जय कुमार सिंह को 47,176 वोट मिले। वहीं, सीता सुंदर देवी को 30,556 मिले। 
  • 2015 के चुनाव में जदयू के जय कुमार सिंह दोबारा विधायक बने। इस बार उन्होंने भाजपा के राजेंद्र प्रसाद सिंह के 2,691 वोट से हराया। जय कुमार सिंह को 64,699 वोट मिले। वहीं, राजेंद्र प्रसाद सिंह को 62,008 वोट मिले। जय कुमार सिंह बिहार सरकार में मंत्री भी रहे चुके हैं।
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2020: राजद को जीत मिली

2020 के चुनाव में दिनारा सीट से राजद के विजय कुमार मंडल को जीत मिली। उन्होंने लोजपा के राजेंद्र प्रसाद सिंह को 8,228 वोट से हराया। विजय कुमार को 59,541 वोट मिले। वहीं, राजेंद्र प्रसाद को 51,313 वोट मिले। इसके साथ ही दो बार के विधायक रहे जय कुमार तीसरे नंबर पर रहे। 


 

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