मौलिक अधिकारों के उल्लंघन के मामले में देश भर के हाईकोर्ट में 2019 से अब तक 7800 से अधिक जनहित याचिकाएं दायर की गई हैं। पिछले सप्ताह एक सवाल के लिखित जवाब में सरकार ने राज्यसभा में यह आंकड़ा पेश किया।
सरकारी आंकड़ों के अनुसार, 2019 से इस साल जुलाई तक सभी हाईकोर्ट में मौलिक अधिकारों के हनन से संबंधित 7832 जनहित याचिकाए दायर की गई हैं। सरकार ने ‘सुप्रीम कोर्ट सब्जेक्ट कैटेगरी-08’ के तहत दायर जनहित याचिकाओं की संख्या साझा की हैं।