हरोली (ऊना)। जिलेभर में शनिवार देर शाम से लगातार जारी बारिश से कृषि कारोबार को झटका लगा है। खेतों में पानी भरने से जिलेभर में आलू की फसल को भारी नुकसान पहुंचा है। बंपर फसल की उम्मीद लगाए बैठे आलू उत्पादकों की मेहनत पर पानी फिर गया है। बेमौसमी बारिश ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है।
आलू उत्पादक जिला ऊना में आलू की बंपर फसल की उम्मीद लगाए बैठे किसानों के माथे पर बारिश ने चिंता की लकीरें खींच दी है। बेमौसमी बारिश से आलू के खेत पूरी तरह से पानी से लबालब हो गए हैं। कई जगहों में मिट्टी बहने से आलू भी बाहर निकल गए हैं। हरोली विधानसभा के ईसपुर, पंजावर, पंडोगा सहित अन्य क्षेत्र में फसलों को भारी नुकसान हुआ है। जिला मुख्यालय के साथ लगते क्षेत्रों में खेत पानी से भर गए हैं।
बारिश के बाद मौसम साफ होने पर खेतों पर पहुंचे किसान हालत देखकर दंग रह गए। जमीन से आलू बाहर दिखने पर अब फसल को बचाना मुश्किल होगा। अगर बारिश का दौर जारी रहा तो नुकसान और बढ़ सकता है। पानी न सूखने पर भी किसानों की मुश्किलें बरकरार रहेंगी।
किसानों में होशियार सिंह, कमल चंद, सुनील कुमार, लवली कुमार, संजय राणा, कुलदीप कुमार, तरसेम लाल, गुरबचन सिंह, राम लाल का कहना है कि भारी भरकम खर्चा कर आलू की बिजाई की गई थी, लेकिन शनिवार देर शाम से जारी बेमौसमी बारिश ने सब कुछ बर्बाद कर दिया। बारिश का पानी खेतों में जलभराव होने की वजह से पूरी मेहनत और पैसा बेकार हो गया है। उन्होंने सरकार से खेतों का जायजा लेकर उनके नुकसान की भरपाई कर उचित मुआवजा देने की मांग उठाई है। उधर, कृषि विभाग के उपनिदेशक डा. अतुल डोगरा ने बताया कि बारिश से फसलों को नुकसान हुआ है। दौरा कर विभागीय टीम नुकसान का आकलन करेगी।
ऊना में तेज बारिश के कारण पानी में डूबी आलू की फसल- फोटो : Una
ऊना में तेज बारिश के कारण पानी में डूबी गोबी की फसल- फोटो : Una