ऊना। जिलावासियों को क्षेत्रीय अस्पताल में एमआरआई (मैग्नेटिक रेजोनेंस इमेजिंग) जांच की सुविधा मिलने जा रही है। स्वास्थ्य विभाग ने क्षेत्रीय अस्पताल के लिए एमआरआई मशीन को मंजूरी दे दी है। आगामी दिनों में इसे स्थापित करने की प्रक्रिया भी शुरू हो जाएगी। इससे मरीजों को एमआरआई जांच के लिए निजी लैब के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे।
जानकारी के अनुसार स्वास्थ्य विभाग की ओर से मशीन की स्थापना के लिए आवश्यक औपचारिकताएं पूरी की जा रही हैं। अस्पताल परिसर में मशीन लगाने के लिए उपयुक्त स्थान का चयन, आवश्यक तकनीकी मानकों के अनुसार कमरे का निर्माण एवं अन्य आधारभूत सुविधाएं विकसित करने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है। वर्तमान समय में जिला ऊना के सरकारी अस्पताल में एमआरआई की सुविधा उपलब्ध नहीं है। ऐसे में सिर, रीढ़, मस्तिष्क, नसों, जोड़ों तथा अन्य गंभीर बीमारियों की जांच के लिए मरीजों को निजी डायग्नोस्टिक सेंटरों का रुख करना पड़ता है। जिससे समय और धन दोनों अधिक खर्च होते हैं। इससे मरीजों को काफी परेशानी झेलनी पड़ती है। एमआरआई मशीन स्थापित होने से दुर्घटना, सर्जरी, ऑर्थोपेडिक और अन्य गंभीर रोगों से संबंधित मरीजों का जांच जिला मुख्यालय पर ही संभव हो सकेगी। इससे मरीजों का समय बचेगा, शीघ्र जांच के आधार पर उपचार शुरू हो सकेगा। क्षेत्रीय अस्पताल में प्रतिदिन 600 से 700 के बीच मरीजों की ओपीडी रहती है। ऐसे में एमआरआई जैसी अत्याधुनिक जांच सुविधा शुरू होने से हजारों मरीजों को सीधा लाभ मिलेगा। बता दें कि वर्तमान में केवल सीटी स्कैन की सुविधा क्षेत्रीय अस्पताल में मिलती है। लेकिन कुछ मामलों में चिकित्सकों द्वारा मरीज को एमआरआई करवाने की सलाह दी जाती है। इससे मजबूरी में मरीजों को निजी लैब का रूख करना पड़ता है।
क्षेत्रीय अस्पताल के लिए एमआरआई मशीन स्थापित करने के लिए मंजूरी मिल गई है। इससे मरीजों को बड़ी राहत मिलेगी। जल्द ही मशीन क्षेत्रीय अस्पताल को प्राप्त हो जाएगी।
-डॉ. संजय मनकोटिया, चिकित्सा अधीक्षक क्षेत्रीय अस्पताल ऊना