नशा निवारण केंद्र में युवक की मौत को लेकर गोंदपुर बनेहड़ा के ग्रामीण एसपी कार्यालय के बाहर धरने म
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ऊना। हरोली उपमंडल के तहत कांगड़ बढ़ेड़ा स्थित नशा मुक्ति केंद्र में युवक की मौत मामले में परिजनों ने मंगलवार को गोंदपुर बनेहड़ा के ग्रामीणों के साथ ऊना शहर में रोष रैली निकाली। परिजनों ने जोरदार नारेबाजी करते हुए मामले में हत्या का केस दर्ज करने की मांग उठाई। इस दौरान भड़के परिजन एसपी कार्यालय के बाहर धरने पर बैठ गए। पुलिस अधीक्षक अर्जित सेन ठाकुर ने परिजनों को समझा कर शांत कराया।
युवा कांग्रेस अध्यक्ष अमन ठाकुर की अगुवाई में मृतक युवक के परिजनों और ग्रामीणों ने प्रदर्शन किया। गुस्साए परिजनों और अन्य लोगों ने हाथों में अमित कुमार को इंसाफ दो वाले फ्लेक्स पकड़े हुए थे। शहर में रैली निकाल कर नारेबाजी करते हुए परिजन पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंच गए। यहां परिजन प्रदर्शन करते हुए धरने पर बैठ गए और पुलिस कार्रवाई पर रोष जताया। मामले की जानकारी मिलने पर पुलिस अधीक्षक अर्जित सेन ठाकुर ने परिजनों से बातचीत की और पूरी जानकारी।
उन्होंने कहा कि पूरी जांच को सार्वजनिक नहीं किया जा सकता है। केस को पुख्ता बनाने के लिए हर पहलू पर गंभीरता से जांच की जा रही है। तथ्यों के अनुसार कार्रवाई की जा रही है। किसी के कहने से कुछ नहीं किया जा सकता है। तथ्य जुटाकर ही न्याय दिलवाया जा सकता है। उन्होंने परिजनों से शांति बनाए रखने की अपील की। कहा कि पुलिस जांच सही दिशा में चल रही है। तथ्य सामने आने पर धाराओं में बदलाव किया गया है। उधर, मृतक अमित कुमार के पिता राम कृष्ण ने बताया कि बेटे की बेरहमी से पीट पीटकर हत्या की गई है। हत्या का मामला दर्ज किया जाना चाहिए।
बता दें कि बीते दिनों कांगड़ बढ़ेड़ा स्थित एक नशा मुक्ति केंद्र में उपचाराधीन युवक अमित कुमार की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई थी। संचालक आनन-फानन में रात को ही दिल का दौरा पड़ने की जानकारी देते हुए शव मृतक के घर छोड़ आए। शव पर चोटों के निशान होने पर परिजनों ने सवाल उठाए। पुलिस ने शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम करवाया। रिपोर्ट में युवक की मौत सिर में लगी चोट से होना पाया गया। इसके बाद पुलिस ने केस को आईपीसी की धारा 304 में तब्दील किया और तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया। परिजन आईपीसी की धारा 304 के बजाय 302 लगाने की मांग कर रहे हैं।