हिमाचल-पंजाब सीमा मैहतपुर पर मालवाहक वाहनों पर आए श्रद्धालुओं को बस के माध्यम से भेजते हुए।
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मैहतपुर (ऊना)। दिन : वीरवार वक्त : शाम के 5 बजकर 13 मिनट हो रहे हैं। चंडीगढ़ से आई गाड़ी को नाके पर पुलिस जवान रोकते हैं। साथ में बने कैबिन की ओर इशारा करके कोविड रिपोर्ट या ई-पास दिखाने को कहते हैं।
वाहन सवार ई-पास दिखाते हैं और हिमाचल में प्रवेश करते हैं। थोड़ी ही देर बाद 5 बजकर 16 मिनट पर पंजाब की तरफ से डबल डेकर ट्रक आता है। इसमें करीब 70 के लोग सवार हैं। पुलिस कर्मचारी उन्हें अपना ई-पास दिखाने को कहते हैं, लेकिन इनके पास न तो कोविड निगेटिव रिपोर्ट है और न ही ई-पास हैं। इन सभी श्रद्धालुओं को रोक लिया जाता है। और आगे का सफर बस से करने को कहा जाता है। करीब 6 बजकर 15 मिनट पर निगम की बस बुलाकर उन्हें बस से पीरनिगाह के लिए भेजा गया। 5 बजकर 52 मिनट पर हिमाचल नंबर की मारुति कार को पुलिस कर्मचारी रुकने का इशारा करते हैं लेकिन वह कार को भगा ले जाता है। मुस्तैद पुलिस कर्मचारी कार चालक का पीछा तो करते हैं, लेकिन वह हिमाचल सीमा में प्रवेश करने में सफल हो जाते हैं।
मैहतपुर में पंजाब हिमाचल सीमा पर लगाई जांच नाके पर पुलिस कर्मियों तथा शिक्षकों की टीम लगातार निगरानी कर रही है। पंजाब तथा कुछ दूसरे राज्यों से आ रहे श्रद्धालु डेरा बड़भाग सिंह तथा पीरनिगाह में माथा टेकने आ रहे हैं। इनमें बहुत से श्रद्धालु अभी भी मालवाहक वाहनों में ही हिमाचल सीमा पर पहुंच रहे हैं। उन्हें सीमा पर ही रोककर उतारा जा रहा है।
वीरवार को काफी तादाद में लोग हिमाचल में दाखिल हुए। पंजाब के क्षेत्र में वीरवार को भी किसी प्रकार की कोई जांच होती नजर नहीं आई। चंडीगढ़ से आए परिवार की सुमन, राकेश, रोशन, नीरज, अशोक गोस्वामी ने बताया कि वह ई-पास बनाकर ही घर से निकले हैं।
एसडीएम ऊना डॉ. निधि पटेल ने कहा कि हिमाचल सीमा पर सरकार के नए आदेशों के अनुसार अब ई-पास दिखाना अथवा वैक्सीनेशन प्रमाण पत्र दिखाना जरूरी है। इस मामले में पूरी तरह से सख्ती बरती जा रही है। विशेषकर मालवाहक वाहनों को किसी भी कीमत में हिमाचल में प्रवेश की अनुमति नहीं दी जा रही है।