रात्रि के समय आपातकाल सेवाएं देने के लिए अन्य अस्पतालों के चिकित्सकों से ली जा रहीं सेवाएं
अस्पताल में चिकित्सकों के हैं कुल तीन पद, दो चल रहे खाली
संवाद न्यूज एजेंसी
ऊना। उप मुख्यमंत्री के विधानसभा क्षेत्र हरोली के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र दुलैहड़ में स्टाफ की कमी के चलते लोगों की परेशानियां बढ़ गई हैं। अस्पताल में चिकित्सकों के दो पद खाली हैं। इसे लेकर उच्च अधिकारियाें और विभाग को कई बार सूचित किया गया लेकिन अभी तक चिकित्सकों की तैनाती नहीं हो पाई है।
अस्पताल की ओपीडी में रोजाना 100 के करीब मरीज उपचार के लिए पहुुंचते हैं। ऐसे में एक चिकित्सक होने के चलते मरीजों को उपचार के लिए अपनी बारी का इंतजार करना पड़ता है। इस अस्पताल में रात के समय भी आपातकाल सेवाएं चलती हैं। इस व्यवस्था को चलाने के लिए भी आस पास के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों में सेवाएं देने वाले चिकित्सकों को बुलाया जाता है। ये चिकित्सक पहले दिन में प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में सेवाएं देते हैं। इसके बाद रात के समय सीएचसी दुलैहड़ में भी सेवाएं दे रहे हैं।
स्थानीय लोगाें नीतिश कुमार, प्रेम लाल, राजीव शर्मा, प्रिया, मोहन लाल, अरुण कुमार, प्रकाश चंद, रुमेल सिंह आदि ने सरकार और विभाग से मांग उठाई है कि दुलैहड़ में खाली पड़े चिकित्सकों के पदों को जल्द भरा जाए ताकि आम जन को दिक्कतों का सामना न करना पड़े। दुलैहड़ सीएचसी पर आसपास के 12 गांवोंं के ग्रामीणों के स्वास्थ्य का जिम्मा है। इस पर न तो सरकार और न ही विभाग कोई ध्यान दे रहा है।
कोट्स
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में पिछले कई माह से एक ही चिकित्सक सेवाएं दे रहा है। अस्पताल में चिकित्सक के तीन पद हैं। दो पदों को भरने के लिए उच्च अधिकारियों के समक्ष इस समस्या को रखा गया है। आगामी कार्रवाई विभाग के स्तर पर ही होनी है।
डॉ. शिंगारा सिंह, खंड स्वास्थ्य अधिकारी हरोली।