करीब 50 गांववासियों ने उपायुक्त के माध्यम से मुख्यमंत्री को सौंपा ज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
ऊना। जनकौर और अबादा वराना के ग्रामीणों ने मंगलवार को इंजीनियर बलवीर चौधरी के नेतृत्व में जिलाधीश ऊना के माध्यम से मुख्यमंत्री हिमाचल प्रदेश को ज्ञापन भेजा। बलवीर चौधरी ने कहा कि ज्ञापन में प्रदेश सरकार को अवगत करवाया गया कि अबादा वराना और जनकौर नाले का चैनलाइजेशन नहीं होने से ग्रामीणों की रोजी रोटी को खतरा उत्पन्न हो चुका है। नाले का पानी लोगों की दुकानों, घरों और फसलों में हर साल घुस कर करोड़ों रुपये का नुकसान कर रहा।
हैरानी की बात है कि हिमाचल प्रदेश सरकार आजादी के 78 साल बाद भी एक किलोमीटर नाले का तटीकरण नहीं करवा पाई। परिणामस्वरूप भारी बरसात होने पर नाले का पानी टूट कर हर साल लोगों की दुकानों, घरों और फसलों में घुस रहा है। इससे घरों और मकानों को गंभीर खतरा बना हुआ है। अबादा वराना, जनकौर खास और जनकौर हार में इस नाले का पानी हर साल तबाही मचा रहा। विधायक और जिला प्रशासन पानी के इस तांडव को हर साल निरीक्षण करते हैं। इसके बावजूद आज तक कोई पुख्ता कार्रवाई नहीं हो पाई। इसलिए मुख्यमंत्री से आग्रह है कि अबादा वराना, जनकौर नाले का चैनलाइजेशन शीघ्र अति शीघ्र करवाया जाए। यदि इस नाले का चैनलाइजेशन जल्दी नहीं हुआ तो जनकौर तथा अबादा वराना के ग्रामीण आंदोलन करने पर मजबूर होंगे। इस अवसर पर कुलवंत सिंह, हरीश कुमार, रवि दास, अमृत लाल, हरनाम दास, गोपाल चंद, राम कुमार, सुभाष चंद् कौडल, जसपाल चौधरी, रविंद्र खसरू, वीरेन्द्र कुमार, दुलंभ सिंह, अनीता देवी, राकेश कुमारी, सुदर्शना कुमारी, सीमा देवी, पूजा आदि उपस्थित रहे।