सांगला (किन्नौर)। किन्नौर जिले के ऊंचाई वाले क्षेत्रों में समय से पहले हुई बर्फबारी ने बागवानों की कमर तोड़ दी है। रविवार और सोमवार को हुए हिमपात और बारिश से तापमान में भारी गिरावट के चलते सेब की फसल सहित पेड़ों को नुकसान पहुंचा है। इससे सेब की करोड़ों की फसल बर्बाद हो गई है। जिले के कल्पा, निचार और पूह खंड में नकदी फसलों को क्षति पहुंची है। नकदी फसलों को नुकसान बर्फबारी से कई जगह सेब के पौधे भी उखड़ गए हैं।
गौर हो कि रविवार और सोमवार को किन्नौर जिले में हुई बर्फबारी से जिले के रक्षम, खरोगला, बटसेरी, थेमगारंग, पानपो, सांगला, कामरू, ठंगी, कानम, लाबरंग, नेसंग, पूह रिजींग कंडा, रोपावैली, ज्ञाबुंग, हांगो और चुलिंग सहित अधिकांश ऊंचे क्षेत्रों में सेब सहित नकदी फसलों को भारी क्षति पहुंची है। बागवानों की जहां सेब की फसल तबाह हुई है, वहीं कई स्थानों पर सेब के पेड़ जमींदोज हो गए हैं। बर्फबारी के चलते सेब तुड़ान का कार्य भी प्रभावित हुआ है।
बागवानों की करोड़ों की फसल और सेब के पौधों को भी नुकसान पहुंचा है। उद्यान विभाग के आंकड़ों के अनुसार किन्नौर में इस वर्ष 26 लाख सेब पेटियां उत्पादन होने का अनुमान है। इसमें से अभी तक 16 लाख 49 हजार सेब की पेटियां ही देश की विभिन्न मंडियों तक पहुंच पाई है, जिले से अभी भी करीब 10 लाख पेटियां सेब मंडियों में भेजा जानी है। इसमें करोड़ों की फसल को मौसम की मार पड़ी है।
जिले के बागवान सुशील साना, प्रेम प्रकाश नेगी, दलीप नेगी, विद्या कुमार नेगी, सुरेंद्र नेगी, प्रताप नेगी, यतेंद्र नेगी, हिम्मत राय नेगी, अश्वनी नेगी, भगवान सिंह नेगी, प्रसेनजीत नेगी, राधिका नेगी, मीनाक्षी नेगी, चंद्र देवी नेगी, वीरेंद्र नेगी, महेंद्र नेगी, कुलदीप नेगी, सुरजीत नेगी, अरुण कुमार, दीपक नेगी, राजेश कुमार नेगी और यशवंत कुमार नेगी सहित दर्जनों बागवानों की नकदी फसल सहित पेड़ों को नुकसान पहुंचा है।
सभी प्रभावित बागवानों ने प्रदेश सरकार, जिला प्रशासन और उद्यान विभाग से पौधों और फसल को हुए नुकसान की भरपाई करने की मांग की है। विधायक किन्नौर जगत सिंह नेगी ने प्रदेश सरकार से मांग की है कि जल्द सेब की फसल को हुए नुकसान का सही मूल्यांकन किया जाए, ताकि बागवानों को नुकसान का उचित मुआवजा मिल सके। बागवानों के इस मुद्दे को कागजी और जुमलेबाजी के फेर में न फंसाए। बीते वर्षों के मुकाबले इस वर्ष बागवानों की फसल कम है, इसलिए उनके नुकसान का भरपाई करने के लिए जल्द मुआवजा दिया जाना चाहिए।
उद्यान विभाग किन्नौर के उपनिदेशक सीएम बाली ने कहा कि जिले के ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फबारी से नकदी फसल सेब और पौधों को नुकसान हुआ है। नुकसान के आकलन के लिए राजस्व विभाग के टीम के साथ उद्यान विभाग की विशेष टीम भेजी गई है। जल्द ही रिपोर्ट तैयार कर सरकार को भेजी जाएगी।