संवाद न्यूज एजेंसी
जोगिंद्रनगर (मंडी)। राज्य स्तरीय देवता मेले में कारोबारी दस अप्रैल तक व्यापार कर सकेंगे। इसके लिए स्थानीय प्रशासन ने पांच दिन की अवधि बढ़ाकर कारोबारियों को बड़ी राहत दी है।
मेला समिति के अध्यक्ष और एसडीएम कृष्ण कुमार शर्मा ने बताया कि मेले में बारिश के खलल से आजीविका को लेकर चिंतित कारोबारियों को समिति ने राहत दी है। कारोबारियों से कोई भी अतिरिक्त शुल्क नहीं वसूला जाएगा। मेले में उमड़ने वाल भीड़ पर निगरानी के लिए पुलिस के जवानों की भी तैनाती रहेगी।
वीरवार को फिर मेला मैदान में खरीदारी को लेकर ग्राहकों की भीड़ उमड़ी रही। इससे व्यापारियों के चेहरे खुशी से खिल उठे। शुरुआती तीन मेलों में बारिश के चलते कारोबार न होने पर व्यापारियों की आजीविका पर जो संकट मंडराया था वह अब पटरी पर लौटता हुआ दिख रहा है। करीब चार सौ कारोबारी मेला समिति के द्वारा चिन्हित मेला स्थल पर कारोबार कर रहे हैं। इनमें हिमाचल, पंजाब, उत्तर प्रदेश, राजस्थान से भी कारोबारी मेले में आजीविका कमाने पहुंचे हैं। दस रुपये से दो हजार रुपये तक के सामान मेले में बिक रहा है।
बड़ी बात है कि पांच दिवसीय मेले के समापन के बाद भी ग्राहकों का जनसैलाब उमड़ा हुआ है। ऐसे में मेले में यह कारोबार और अधिक बढ़ सकता है। राजस्थान के कारोबारी सैजल, उत्तर प्रदेश से हैंडलूम का सामान बेच रहे मुश्ताक अहमद और पंजाब के क्रोकरी बेच रहे सतेंद्र सिंह, मीनाक्षी ने बताया कि मेले में ग्राहक खरीदारी के लिए आ रहे हैं। राज्य स्तरीय जोगिंद्रनगर देवता मेले के लिए चिन्हित दो सौ दुकानों के प्लाट व उसमें सजने वाले डोम की नीलामी से करीब 62 लाख रुपये में हुई थी।
जोगिंद्रनगर राज्य स्तरीय देवता मेले के समापन के बाद वीरवार को मेला मैदान में खरीदारी करते लोग।