मसले को लेकर सर्व देवता सेवा समिति ने की आपातकालीन बैठक
कहा, पहले ही देवी देवताओं के स्थान हो चुके हैं बाधित, अब नहीं करेंगे सहन
संवाद न्यूज एजेंसी
मंडी। ऐतिहासिक पड्डल मैदान में इंडोर स्टेडियम बनाने के प्रस्ताव पर देव समाज बिफर गया और इसका विरोध कर रहा है। इसी मसले पर संस्कृति देव सदन में सर्व देवता सेवा समिति की आपातकालीन कार्यकारिणी की बैठक अध्यक्ष शिव पाल शर्मा की अध्यक्षता में आयोजित की गई । बैठक में सभी देव समाज से जुड़े देवी-देवताओं के कारदारों ने इस प्रस्ताव का कड़ा एतराज जताया और कहा कि पहले ही यहां पर कई निर्माण होने के चलते अंतरराष्ट्रीय शिवरात्रि महोत्सव में देवी-देवताओं के कई स्थान बाधित हो गए हैं, मगर अब यह सहन नहीं करेंगे।
कारदारों ने इसका विरोध किया और सरकार और प्रशासन से अनुरोध किया कि यह स्टेडियम न बनाए जाए, ताकि देवी देवताओं को बैठने के लिए उचित मिले। कहा कि रियासत काल से चली आ रही देवी देवताओं की प्रथाएं हिमाचल में कही भी डिस्टर्ब नहीं हुई हैं। ऐसे में यहां पर भी ऐसी नौबत नहीं आनी चाहिए। इसलिए सरकार और प्रशासन से अनुरोध है कि इस मेले को और देवी देवताओं के बैठने के स्थान को यथावत रखने के लिए इंडोर स्टेडियम के लिए कोई और जगह चिह्नित की जाए और देवी-देवताओं को उचित स्थान आगामी शिवरात्रि आने से पहले मुहैया करवाएं। इस बारे में सर्व देवता सेवा समिति के अध्यक्ष पंडित शिवपाल ने कहा कि यह निर्णय लिया गया है कि इस विषय पर अगर कारदारों की बात की अनदेखी की गई तो वे न्यायालय में जनहित याचिका दायर करेंगे। बैठक में राजू राम, तीर्थ राज, गोविंद राम, हुकम चंद, लेखराज पटियाल संगठन सचिव, भीम चंद सरोच, रेवती राम, मनोज कुमार, वेद राम, युद्ध कुमार, मोहन लाल, तेज राम, शेष राम, जेठू राम, नरेंद्र शर्मा, भगत ठाकुर आदि मौजूद रहे।
रियातकाल के बाद अब मंडी आएंगे श्री देव बरनाग ज्वालापुर
उधर बैठक में यह भी तय हुआ कि रिसासत काल के बाद मंडी में पधार रहे श्री देव बरनाग ज्वालापुर का जोरदार स्वागत किया जाएगा। बताया कि 21 अगस्त को श्री देव बरनाग ज्वालापुर रियासत काल के बाद पहली बार मंडी में किसी के घर अतिथि रूप में पधार रहे हैं। उनके आने पर समस्त कार्यकारिणी सदस्यों ने प्रसन्नता जताई और अध्यक्ष ने कहा कि देवता का सर्व देवता सेवा समिति माधोराय के पास स्वागत करेगी।