जोगिंद्रनगर में पीलिया के बढ़ते मामलों को लेकर जल शक्ति विभाग ने काटे शहर में लगे पेयजल कूलरों
पीलिया के बढ़ते मामलों के बाद हरकत में आया प्रशासन, लोगों की टंकियों की भी होगी जांच
संवाद न्यूज एजेंसी
जोगिंद्रनगर (मंडी)। जोगिंद्रनगर में पीलिया के बढ़ते मामलों को देखते हुए प्रशासन ने पूरे उपमंडल में स्थापित वाटर कूलरों से पेयजल आपूर्ति पर रोक लगा दी है। जोगिंद्रनगर शहर के 15 वाटर कूलरों के अलावा चौंतड़ा, लडभड़ोल, मछयाल में स्थापित वाटर कूलरों से भी पानी का सेवन न करने का आह्वान स्थानीय प्रशासन की ओर से किया गया है।
जलशक्ति विभाग के वाटर टैंकों में सुपर क्लोरिनेशन के आदेश जारी कर उपभोक्ताओं की टंकियों की भी जांच शुरू कर दी है। उपमंडल के करीब 55 हजार पेयजल उपभोक्ताओं को आरक्षित जल भंडारण को साफ सुथरा रखने की हिदायत देते हुए वीरवार को एसडीएम मनीश चौधरी ने बताया कि अस्पताल में उपचाराधीन मरीजों से मिली जानकारी के अनुसार सार्वजनिक स्थानों में स्थापित वाटर कूलरों से पानी के सेवन के बाद उनकी तबीयत बिगड़ी है। एसडीएम ने स्वयं अस्पताल में पहुंचकर उपचाराधीन मरीजों से जानकारी जुटाई और अस्पताल प्रशासन से पीलिया के संक्रमित मरीजों की हिस्ट्री खंगालकर मौके पर मौजूद जलशक्ति विभाग के अधिकारियों को तत्काल प्रभाव से वाटर कूलरों से पानी की आपूर्ति पर रोक लगाने के आदेश जारी किए। इसके बाद समूचे उपमंडल में स्थापित वाटर कूलरों के कनेक्शन काटकर जलशक्ति विभाग ने अपने जल भंडारण टैंकों को भी साफ सुथरा बनाया। जलशक्ति विभाग के अधिशासी अभियंता राकेश कुमार ने बताया कि डिविजन के अधीन आने वाले सभी सहायक और कनिष्ठ अभियंताओं को निर्देश जारी कर उपभोक्ताओं के जल भंडारण टैंकों की क्लोरिनेशन के लिए भी फील्ड पर अपने दायित्व का निर्वहन करने की हिदायत दी है। बताया कि सार्वजनिक स्थानों के अलावा उपभोक्ताओं के जल भंडारण टैंकों की नियमित सफाई न होने के कारण जलजनित रोगों का फैलाव बढ़ना शुरू हुआ है। उन्होंने अस्पताल प्रशासन से भी प्लास्टिक की टंकियों की नियमित सफाई के अलावा उसमें क्लोरीन बढ़ाने का आग्रह किया है। कहा कि प्रतिदिन 40 पानी के सैंपल भी परीक्षण के लिए भेजे जा रहे हैं।
जोगिंद्रनगर में पीलिया के बढ़ते मामलों को लेकर जल शक्ति विभाग ने काटे शहर में लगे पेयजल कूलरों