भुंतर (कुल्लू)। जिले के प्रवेशद्वार भुंतर में चार दिवसीय मेला शुक्रवार को शुरू हो गया है। देवी-देवताओं के आगमन से मेले का आगाज हो गया है। शाम करीब 06:30 बजे देव मिलन की परंपरा को निभाया गया। इस साल बजौरा के देवता बालक महेश्वर, बड़ा भूईन के देवता सूरजपाल, शमशी की अधिष्ठात्री माता ज्वाला, देवता पांचवीर, माता कोयला और देवता कैलावीर लाव-लश्कर के साथ मेले में शामिल हुए।
मेले में बारी-बारी से पहुंचे देवी-देवताओं का मेला कमेटी ने परंपरानुसार स्वागत किया। मेले में जहां चार दिनों तक देव संस्कृति देखने को मिलेगी, वहीं मेले में लोगों के मनोरंजन के लिए सांस्कृतिक संध्या भी रखी गई है। 14 से 17 जून तक आयोजित देवी-देवता मेले में भुंतर, मौहल, बजौरा, गड़सा, दोहरानाला तथा पार्वती घाटी के लोग शामिल होते हैं।
व्यापार की दृष्टि से भी मेले की अहम भूमिका है। नगर पंचायत भुंतर के उपप्रधान अजय किशोर ने कहा कि भुंतर मेले का देव मिलन से आगाज हो गया है। मेले को आकर्षक बनाने की सभी तैयारियां नगर पंचायत ने पूरी कर दी हैं। संवाद