धर्मशाला। प्रदेश सरकार की ओर से जेसीसी बैठक में सरकारी कर्मचारियों और पेंशनरों के हित में लिए गए फैसलों को लेकर प्रदेश के कर्मचारियों में खुशी का माहौल है।
कर्मचारियों का कहना है कि लंबे समय से लंबित मांगों को पूरा कर प्रदेश सरकार ने कोरोना के इस दौर में राहत दी है। कर्मचारियों का कहना है कि उन्हें विश्वास था कि सरकार कर्मचारियों और उनके परिवारों के हितों को ध्यान में रखते हुए कर्मचारी वर्ग के हित में निर्णय लेगी। इन सराहनीय फैसलों से हर वर्ग के कर्मचारियों को लाभ होगा। पेश हैं कर्मचारियों के साथ परिचर्चा के मुख्य अंश:
नए वेतनमान से होगा आर्थिक लाभ: सुरेश ठाकुर
हिमाचल प्रदेश पेंशनर संघ जिला कांगड़ा के अध्यक्ष ने बताया कि जेसीसी में जयराम ठाकुर की ओर से न्यू पे-स्केल को लेकर लिया गया फैसला बहुत सराहनीय है। इससे छोटे से छोटे कर्मचारियों और पेंशनरों को आर्थिक लाभ मिलेगा। प्रदेश सरकार ने यह साहसिक फैसला लिया है।
सरकार का ऐतिहासिक कदम: बलवीर
विद्युत विभाग में जेओए पद पर कार्यरत बलवीर चौधरी ने कहा कि जेसीसी बैठक में अनुबंध काल को तीन वर्ष से कम कर दो वर्ष करना कर्मचारियों के हित में ऐतिहासिक कदम है। कोरोना काल में बढ़ी मुश्किलों के बीच इस कदम से कर्मचारियों को राहत की सांस मिली है। कोरोना काल में ये फैसले बड़ी राहत बनकर आए हैं।
अनुबंध कर्मचारियों की चिंताएं हुईं दूूर: रमन
डीसी कार्यालय में कार्यरत रमन ठाकुर ने बताया कि जेसीसी बैठक में कर्मचारी अनुबंध कम करने और न्यू पे-स्केल का फैसला कर्मचारियों के लिए राहत देने वाला है। पहले अनुबंध को लेकर कर्मचारियों में चिंता होती थी, लेकिन एक साल कम होना राहत देने वाला फैसला है।
अनुबंध कर्मियों को था पूर्ण विश्वास: चंदन
देहरा में बतौर सहायक जनसंपर्क अधिकारी सेवाएं दे रहे चंदन आनंद ने बताया कि अनुबंध अवधि दो वर्ष करके प्रदेश सरकार ने अनुबंध कर्मियों को बहुत बड़ी राहत दी है। हमें पूरा भरोसा था कि मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर अनुबंध कर्मियों और उनके परिवारों का ध्यान रखते हुए अनुबंध अवधि दो वर्ष करने का फैसला लेंगे। इस फैसले के लिए हम उनके बहुत धन्यवादी हैं।