फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

हिमाचल प्रदेश: कांगड़ा में हिमुडा बसाएगा सूबे का सबसे बड़ा नगर, लंज में जगह का चयन

Thu, 06 Nov 2025 05:00 AM IST
अंकेश डोगरा प्रवीण प्रकाश कुमार, धर्मशाला।

सार

हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा जिले में एक अत्याधुनिक और प्रदेश के सबसे बड़े आवासीय नगर को बसाने की योजना पर हिमुडा को लगभग 10,000 बीघा भूमि की तलाश करने का लक्ष्य दिया गया है। पढ़ें पूरी खबर...
विज्ञापन
कांगड़ा। - फोटो : अमर उजाला नेटवर्क
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा जिले में एक अत्याधुनिक और प्रदेश के सबसे बड़े आवासीय नगर को बसाने की योजना पर काम जोरों से चल रहा है। ये योजना राज्य के शहरी विकास के इतिहास में एक मील का पत्थर साबित हो सकती है। सरकार ने इस महत्वाकांक्षी परियोजना की जिम्मेदारी हिमाचल प्रदेश शहरी विकास प्राधिकरण (हिमुडा) को सौंपी है। इसके लिए एक विशाल भूमि का अधिग्रहण किया जाएगा।

विज्ञापन

हिमुडा को लगभग 10,000 बीघा भूमि की तलाश करने का लक्ष्य दिया गया है। इस जमीन की खोज के लिए हिमुडा की टीम ने कांगड़ा जिले के विभिन्न उपमंडलों का दौरा किया और अब उन्होंने शाहपुर विधानसभा क्षेत्र के लंज कस्बा में एक बड़े भू-खंड का चयन किया है। यह क्षेत्र लंज और गाहलियां गांव के बीच स्थित है, जहां सरकारी और निजी भूमि का संयोजन है। यहां आवासीय नगर बसाने के लिए सभी आवश्यक सुविधाएं मौजूद हैं, जो इसे इस परियोजना के लिए आदर्श स्थान बनाती हैं। हिमुडा ने भूमि की संबंधित औपचारिकताएं पूरी करने के लिए जिला प्रशासन से भी सहयोग की अपील की है। इसके बाद, मुख्यमंत्री और शहरी विकास मंत्री इस स्थान का दौरा करेंगे और प्रोजेक्ट को अपनी मंजूरी देंगे। जैसे ही उनकी हरी झंडी मिलेगी, निजी भूमि की खरीद और सरकारी भूमि के हिमुडा के नाम पर ट्रांसफर की प्रक्रिया शुरू हो जाएगी।

गगल एयरपोर्ट और फोरलेन से काफी नजदीक है लंज
इस नई परियोजना के तहत नगर बसाने से जुड़ी सभी बुनियादी और अत्याधुनिक सुविधाएं दी जाएंगी। लंज क्षेत्र की खासियत यह है कि यह गगल एयरपोर्ट और फोरलेन सड़क मार्ग से काफी नजदीक है, जो इसे एक रणनीतिक स्थान बनाता है। यहां पर फ्लैट्स और प्लॉट्स की बिक्री की जाएगी और पूर्व नियोजित तरीके से नगर का निर्माण होगा। इसमें पार्क, खेल का मैदान, पार्किंग, शॉपिंग कांप्लेक्स, सीवरेज सिस्टम और सड़कों जैसी सुविधाएं शामिल होंगी। अगर यह योजना सफल होती है तो हिमाचल प्रदेश के इस प्रोजेक्ट का मुकाबला देश के बड़े और प्रमुख नगरों से किया जा सकता है। यह राज्य के शहरी विकास में एक नया अध्याय जोड़ सकता है और इसे एक स्मार्ट शहर के रूप में पहचान दिला सकता है। यह परियोजना न केवल प्रदेश की आर्थिक स्थिति को सुदृढ़ करेगी, बल्कि वहां रहने वाले लोगों को भी बेहतर जीवन की गुणवत्ता और आधुनिक जीवनशैली की सुविधाएं प्रदान करेगी।

नरघोटा में 664 कनाल भूमि हो चुकी पर्यटन विभाग के नाम
पूर्व भाजपा सरकार के दौरान जिला मुख्यालय से सटे नरघोटा गांव में हिमुडा ने नगर बसाने के लिए 664 कनाल भूमि की तलाश की थी। इस भूमि पर हिमुडा के नाम से आवंटन के बाद प्लॉट की अग्रिम बुकिंग प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई थी। लेकिन वर्तमान सरकार के निर्देश पर इस भूमि को टूरिज्म विलेज प्रोजेक्ट के तहत पर्यटन विभाग को ट्रांसफर कर दिया गया। इसके परिणामस्वरूप हिमुडा को करीब 73 खरीदारों से अग्रिम राशि वसूलने के बाद वह रकम लौटानी पड़ी। हालांकि, अब तक इस भूमि पर टूरिज्म विलेज से संबंधित कोई गतिविधियां शुरू नहीं हो पाई हैं।
 

प्रदेश सरकार से कांगड़ा में नया आवासीय नगर बसाने के लिए भूमि तलाश करने के निर्देश मिले हैं। करीब 10 हजार बीघा जमीन की आवश्यकता है। प्रारंभिक चरण में शाहपुर विधानसभा क्षेत्र के लंज और तियारा में इसके लिए उपयुक्त और पर्याप्त भूमि है। जल्द ही सारी औपचारिकताएं पूरी कर आगामी कार्रवाई शुरू की जाएगी। -अनिल सूद, अधिशासी अभियंता, हिमुडा, धर्मशाला
विज्ञापन

हिमुडा जिला कांगड़ा में टाउनशिप के लिए जहां भी जगह तलाशेगा, उन्हें पूरा सहयोग प्रशासन की ओर से प्रदान किया जाएगा। 10 हजार बीघा जमीन पर नया नगर बसने से लोगों को कई प्रकार की सुविधाएं मिलेंगी। लंज और तियारा में भी जगह देखी गई है। अगर अन्य जगह इतनी ज्यादा जमीन उपलब्ध होगी तो वहां के लिए भी विचार किया जाएगा। -हेमराज बैरवा, उपायुक्त, कांगड़ा
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें