एटीआर 42-600 विमान (48 सीट क्षमता) के जरिये अप्रैल 2026 के अंतिम सप्ताह से वाणिज्यिक संचालन शुरू करने की योजना है। एमओयू 12 माह के लिए प्रभावी रहेगा। सरकार इन उड़ानों के लिए 100 प्रतिशत व्यवहार्यता अंतर भुगतान (वीजीएफ) देगी, जिस पर सालाना लगभग 32.64 करोड़ रुपये खर्च होंगे। इस कदम से न केवल दिल्ली से सीधी हवाई कनेक्टिविटी मजबूत होगी, बल्कि शिमला और धर्मशाला के बीच आवागमन भी आसान होगा, जिससे पर्यटन को नई रफ्तार मिलने की उम्मीद है।