विधानसभा चुनाव में जीत के बाद कांग्रेस विधायक दल की बैठक शनिवार को शिमला में होगी। कांग्रेस आलाकमान के पर्यवेक्षक के रूप में दिल्ली की मुख्यमंत्री शीला दीक्षित, अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के महासचिव जनार्दन द्विवेदी और कांग्रेस के राज्य प्रभारी चौधरी बीरेंद्र सिंह मौजूद रहेंगे। बैठक शाम को पांच बजे विधानसभा के अपोजिशन लॉज में होगी।
हिमाचल में कांग्रेस के 36 विधायक जीते हैं। प्रदेश कांग्रेस कमेटी के महासचिव सुधीर शर्मा ने बताया कि बैठक में सभी निर्वाचित विधायक शामिल होंगे। केंद्रीय पर्यवेक्षक विधायक दल के नेता पद के लिए विधायकों की राय जानेंगे। विधायकों की राय से कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी को अवगत कराएंगे। यह भी संभव है कि एक प्रस्ताव पारित कर कांग्रेस अध्यक्ष पर फैसला छोड़ दिया जाए। विधायक दल के नेता का ऐलान शनिवार को बैठक के बाद या रविवार को हो सकता है।
वीरभद्र सिंह सबसे मजबूत दावेदार
मुख्यमंत्री पद के लिए वीरभद्र सिंह सबसे मजबूत दावेदार हैं। कांग्रेस ने उन्हीं की अगुवाई में विधानसभा चुनाव लड़ा। सर्वाधिक विधायक उन्हीं के समर्थक हैं। उनके अलावा पूर्व कांग्रेस अध्यक्ष विद्या स्टोक्स और ठाकुर कौल सिंह भी दावेदार हैं। चुनाव जीतने के बाद हालांकि वीरभद्र सिंह ने कहा था कि वरिष्ठता के हिसाब से उनका हक बनता है, लेकिन फैसला विधायकों की राय के बाद कांग्रेस हाईकमान करेगा। सीएलपी की बैठक के बाद इस संशय से परदा उठने की उम्मीद है कि हिमाचल का अगला मुख्यमंत्री कौन होगा? इधर वीरभद्र समर्थक विधायक उनके सीएम बनने को लेकर आश्वस्त हैं।
मुख्यमंत्री पद के लिए तेज हुई दौड़
कांग्रेस में सीएम पद के लिए दौड़ तेज हो गई है। शुक्रवार का दिन घटनाक्रम से भरा रहा। वीरभद्र सिंह जहां शिमला में विद्या स्टोक्स से मिलने उनके घर गए वहीं कौल सिंह ने अपने साथ 18 विधायक साथ होने का दावा करके सबको चौंका दिया। देर शाम तक दो दर्जन विधायक शिमला पहुंच चुके हैं। इनमें से अधिकांश ने वीरभद्र सिंह से मुलाकात की।
वीरभद्र-स्टोक्स में आधा घंटा गुफ्तगू
दोपहर में करीब 12 बजे वीरभद्र सिंह ने विद्या स्टोक्स के निवास पर जाकर उनके राजनीतिक हालात पर चर्चा की। कभी धुर विरोधी रहे दोनों नेताओं की इस भेंट ने सबको चौंका दिया। उनकी बंद कमरे में लगभग आधे घंटे तक मंत्रणा हुई। सूत्रों की मानें तो इन्होंने विधायक दल की बैठक से पहले की रणनीति तय की है। विद्या स्टोक्स ने खुद को मुख्यमंत्री पद की दावेदारी से बाहर बताते हुए कहा कि जरूरत पड़ने पर वीरभद्र की पैरवी करने से पीछे नहीं हटेंगी।
वीरभद्र सिंह से हालीलॉज में कई विधायकों ने मुलाकात की। इनमें मुकेश अग्निहोत्री, सुधीर शर्मा, बंबर ठाकुर, नीरज भारती, नंदलाल, मनसा राम, यादविंद्र गोमा, खूब राम, रोहित ठाकुर और विनय कुमार आदि मुख्य थे। वीरवार देर रात पूर्व सांसद एवं सोलन के विधायक कर्नल धनीराम शांडिल भी वीरभद्र सिंह से मिले।