किराया भुगतान न होने से स्पोर्टस कांप्लेक्स हमीरपुर में बंद पड़ी दुकानें। संवाद
हमीरपुर। स्पोर्ट्स शॉपिंग कांप्लेक्स हमीरपुर की 150 दुकानों के निर्माण के बाद भी खोखाधारक अभी तक दुकानों के लिए नगर परिषद के कार्यालय के चक्कर काट रहे हैं। 12 पात्र खोखाधारकों को अभी तक दुकानें नहीं मिल सकी हैं। 150 में से 70 दुकानों का किराया लंबे समय से लंबित है।
किराये की उगाही तो दूर अभी तक दुकानदारों से इस सिलसिले में पत्राचार तक नहीं किया गया है। कोई भी नोटिस अभी इन दुकानदारों को जारी नहीं हुआ है। दो साल से दुकानों का किराया नहीं मिल रहा है और पात्र खोखाधारक जिन्हें सस्ती किराया दरों पर दुकानें आवंटित होनी थी वह भी दुकानें न मिलने से कारोबार नहीं कर पा रहे हैं। शॉपिंग कांप्लेक्स सोसायटी की संचालन व्यवस्था सवालों में बनी हुई है। यहां पर कारोबार चमकने के बजाय पिछले दो साल से पिटता जा रहा है। कारोबारी हजारों का किराये चुकाने में सक्षम नहीं हो पा रहे हैं। कारोबार शुरू करना तो दूर यह व्यापारी दुकानें खोलने तक की हिम्मत तक नहीं जुटा पा रहे हैं। दरअसल बस स्टैंड हमीरपुर के सामने से पुरानी खोखा मार्केट को हटाकर खोखाधारकों को शॉपिंग कांप्लेक्स में सस्ती किराया दरों पर दुकानें दी गई हैं। इस दौरान कुछ किरायेदार दुकानों के आवंटन के दौरान विवाद के चलते कोर्ट में चले गए हैं। मामले में कोर्ट का निर्णय आने तक प्रशासन की ओर से बची हुई दुकानों की नीलामी कर दी गई है। अब 12 ऐसे खोखाधारक हैं जिनकी तरफ से दुकानों के लिए दावा प्रस्तुत किया गया है। ऐसे में एक तरफ पात्र लोगों को दुकानें नहीं मिल पा रही हैं, दूसरी ओर दो साल से किराया न देने वाले व्यापारी दुकानें खोलने तक को तैयार नहीं है। कई ऐसे व्यापारी भी हैं जिन्होंने न किराये का भुगतान किया और न ही आवंटन के बाद से अभी तक दुकानें खोली हैं।
दुकानें चलाने में असमर्थता जता रहे दुकानदार
सोसायटी की तरफ से दो साल पूर्व हुई दुकानों की नीलामी में व्यापारियों ने दुकानें तो किराये पर लीं, लेकिन इन्हें खोला नहीं। कुछ व्यापारियों ने दुकानों में कारोबार न करने को लेकर नगर परिषद को सूचित कर दिया है। कुछ ऐसे भी व्यापारी हैं जो सोसायटी को सूचना दिए बिना ही दुकानें संचालित करने से हाथ पीछे खींच चुके हैं। इन व्यापारियों का किराये का भुगतान लाखों में लंबित है।
कोट
स्पोर्ट्स शॉपिंग कांप्लेक्स सोसायटी हमीरपुर के मेंबर सेक्रेट्री एवं एसडीएम हमीरपुर मनीष कुमार सोनी का कहना है कि 12 लोगों के आवेदन दुकानों के लिए पुन: प्राप्त हुए हैं। इस विषय पर सोसायटी की तरफ से उचित कदम उठाए जाएंगे।