चंबा। सर्दियों के मौसम में तीन पंचायतों के दर्जनों गांवों में पेयजल संकट गहरा गया है। समस्या का हल न करने पर ग्रामीणों ने जलशक्ति विभाग को अब धरना-प्रदर्शन करने की चेतावनी दी है। विभाग को समस्या का निदान करने के लिए दो दिन का समय दिया है। ग्रामीणों ने साफ किया है कि दो दिन बाद ग्रामीण खाली बर्तन लेकर विभागीय कार्यालय के बाहर धरने पर बैठ जाएंगे। कहा कि पिछले 15 दिन से दर्जनों गांवों में पानी की बूंद नहीं टपकी है।
लोगों के घरों में रखे बर्तन खाली पड़े हैं। पीने के लिए पानी ग्रामीणों को दो किलोमीटर दूर जाकर सरेंई नाले से ढोना पड़ रहा है। मवेशियों के लिए पानी का जुगाड़ करना भी ग्रामीणों के लिए मुश्किल हो रहा है। इस समस्या को ग्रामीण जलशक्ति विभाग और सदर विधायक के समक्ष भी उठा चुके हैं लेकिन, अभी तक समस्या का हल नहीं हो पाया है। इसको लेकर ग्रामीणों ने नाराजगी जाहिर की है।
ग्राम पंचायत रजेरा, बैली और करियां के चुहाड़ी, बैली, बटेनी, लटेनी, बहाढोलू, कोहली, द्रुनिनाली, बंजला, केंथभु थल्ला, टिकरा, गुवाड़ बनाड़, फाट, थती, देहरुईं सहित अन्य गांवों में पेयजल संकट गहराया है। ग्रामीणों बजर सिंह, शिव कुमार, राजकुमार, अभिषेक, राकेश कुमार, सतीश, मनोज, सुरेश, रिशु, साहिल, संजीव कुमार, उत्तम सिंह, जगतराम, हेम, नेक सिंह और प्रकाश ठाकुर ने बताया कि इन पंचायतों में पानी की समस्या एक महीने से चल रही है। शिकायत करने के उपरांत विभाग पेयजल पाइपों को ठीक कर देता है लेकिन, दूसरे दिन फिर पाइप क्षतिग्रस्त हो जाते हैं। इसकी वजह से ग्रामीण काफी परेशान हैं। शनिवार को ग्रामीणों ने इस संबंध में सदर विधायक पवन नैयर को ज्ञापन भी सौंपा। विधायक ने संबंधित विभाग को जल्द समस्या का समाधान करने के आदेश दिए।
जलशक्ति विभाग के अधिशासी अभियंता अरशद रहमान ने बताया कि सड़क निर्माण के कार्य की वजह से पेयजल पाइप टूट रहे हैं। इससे बार-बार पानी की आपूर्ति बाधित हो रही है। समस्या का स्थायी हल निकाला जा रहा है।