थापना गांव के नजदीक ब्लास्टिंग के बाद मौके पर पहुंचे ग्रामीण।
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स्वारघाट (बिलासपुर)। कीरतपुर-नेरचौक फोरलेन निर्माण के दौरान ब्लास्टिंग से थापना गांव फिर दहल उठा। गुस्साए ग्रामीणों ने फोरलेन का कार्य बंद करवा दिया। लोगों का आरोप है कि ब्लास्टिंग से उनके घरों में दरारें आ गई हैं। एसडीएम स्वारघाट के हस्तक्षेप के बाद काम शुरू हुआ। एसडीएम ने कंपनी को नुकसान का आंकलन कर भरपाई करने के निर्देश दिए हैं। वहीं नियमों के अनुसार कार्य करने की हिदायत भी दी।
वीरवार रात को फोरलेन का निर्माण कर रही कंपनी की ओर की गई ब्लास्टिंग के बाद थापना गांव के ग्रामीण शुक्रवार सुबह मौके पर पहुंच गए। ग्रामीणों ने नारेबाजी करते हुए थापना में फोरलेन का काम बंद करवा दिया। ग्रामीणों का कहना था कि कंपनी पहले भी अनियंत्रित तरीके से ब्लास्टिंग कर चुकी है। प्रशासन की हिदायत के बावजूद कंपनी बार-बार अनियंत्रित तरीके से ब्लास्टिंग कर रही है, जिससे गांव के करीब 12 मकानों में दरारें आई हैं और भारी धमाके से घरों के अंदर रखा सामान भी फर्श पर गिर गया। जबकि स्लेटनुमा मकानों की छतों से स्लेटे टूटकर आंगन में गिर गए। ग्रामीणों का कहना है कि फोरलेन का कार्य रोकने के पक्ष में नहीं है लेकिन यदि ग्रामीणों की सुरक्षा के साथ खिलवाड़ किया जाएगा तो बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। सूचना मिलने पर एसडीएम स्वारघाट राजकुमार मौके पर पहुंचे और लोगों को नुकसान की भरपाई का आश्वासन दिया। इसके बाद काम शुरू हो पाया। एसडीएम राजकुमार ने बताया कि थापना गांव में जाकर मौके पर निरीक्षण किया। कंपनी को नुकसान की भरपाई करने के निर्देश दिए हैं। वहीं नियमों के अनुसार कार्य करने की हिदायत दी है।