बिलासपुर। बैहल कंडैला गांव में प्रशासन की ओर से जमीन के सर्किल रेट कम निर्धारित करने पर ग्रामीण भड़क गए हैं। इनका कहना है कि गांव की जमीन का अधिग्रहण भानुपल्ली-बिलासपुर-बैरी रेललाइन के रेलवे जंक्शन के लिए होना है। प्रशासन ने जानबूझकर गांव की जमीन के सर्किल रेट को कम किया है।
ग्रामीणों कुलदीप सिंह, शिवराम, रोजश कुमार, जगदीश कुमार, देवी राम, भगत राम, रामपाल, नंदलाल, भोला राम, कमला देवी, मनीष कुमार, सुरेश कुमार, बीजू, गोरखा राम, कुलदीप कुमार, विक्रम सिंह, जीतराम, अमर सिंह, महेंद्र सिंह, अन्नत राम ने कहा कि साल 2021-22 में प्रशासनिक अधिकारी द्वारा बिलासपुर में जमीनों के सर्किल रेट घोषित किए हैं। लेकिन प्रशासनिक अधिकारियों ने जानबूझ कर गांव बैहल कंडैला में कई तथ्यों को नजरअंदाज किया है। कहा कि भानुपल्ली-बिलासपुर-बैरी रेललाइन के तहत बैहल कंडैला में रेलवे जंक्शन के लिए भूमि का अधिग्रहण किया जाना है। बामटा से वाया बैहल कंडैला से गांव कोठी से होते हुए हमीरपुर, कांगड़ा और जम्मू कश्मीर के लिए राज्यराज मार्ग नंबर 88 जाता है। लेकिन मार्ग 88 को बामटा से बैहल कंडैला व अतली खंड पुल तक नहीं दर्शाया गया है। इससे साफ जाहिर होता है कि प्रशासनिक अधिकारियों ने गांव के सर्किल रेट बनाते समय बहुत बड़ी साजिश को अंजाम दिया है।
बैहल कंडैला और गांव कोठी एक ही पटवार सर्किल के अधीन आते हैं। लेकिन गांव कोठी का सर्किल रेट 80 लाख प्रति बीघा और गांव बैहल कंडेला का सर्किल रेट 8 लाख रुपये प्रति बीघा घोषित किया गया है।