हमीरपुर के 65 वर्षीय ओम प्रकाश जिन्हें तीन बार उन्हें हार्ट अटैक आया, स्टंट पड़ा। इसके बावजूद उन्होंने पांच किमी की दौड़ पूरी कर उम्र को भी मात दे दी। पढ़ें पूरी खबर...
अगर आपने कुछ करने का ठान लिया और मजबूत इरादे के साथ डटे रहे तो मुश्किल कुछ भी नहीं है। यह कहावत हमीरपुर के 65 वर्षीय ओम प्रकाश बिल्कुल फिट बैठती है। तीन बार उन्हें हार्ट अटैक आया, स्टंट पड़ा। इसके बावजूद वह हारे नहीं, बल्कि अब 5 किमी की दौड़ पूरी कर उम्र को भी मात दे दी। वह बिलासपुर में शनिवार को शुरू हुई राज्य स्तरीय मास्टर्स एथलेटिक्स चैंपियनशिप में पूरे दमखम के साथ दौड़े।
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ओम प्रकाश को आठ साल पहले छह माह के भीतर तीन बार हार्ट अटैक आए। इसके बाद चिकित्सकों ने सीने में स्टंट डालकर उनकी जान बचाई। सर्जरी के बाद शुगर का स्तर भी 560 तक जा पहुंचा। चलना-फिरना तक मुश्किल हो गया। इसके बाद उन्होंने शरीर को स्वस्थ रखने की ठानी। धीरे-धीरे चलना शुरू किया और फिर पीछे मुड़कर नहीं देखा। शनिवार को मास्टर्स एथलेक्टिस चैंपियनशिप में ओम प्रकाश ने 5000 मीटर दौड़ को 35 मिनट में पूरा कर लिया। वह रेस तो नहीं जीत पाए, लेकिन जज्बे को देखकर हर कोई उन्हें बधाई दे रहा था। ओम प्रकाश हमीरपुर के रहने वाले हैं। सोलन के चमाकड़ी में ढाबा चलाते हैं। शनिवार को शुरू हुई चैंपियनशिप में भाग लेने के लिए परिवार के साथ पहुंचे।
ओम प्रकाश ने बताया कि साल 2016 में उन्हें पहला अटैक पड़ा। उसके एक माह बाद दूसरा अटैक पड़ा। करीब छह माह बाद तीसरा अटैक पड़ा। परिजन आईजीएमसी शिमला ले गए, जहां चिकित्सकों ने स्टंट डाला। सर्जरी के बाद शुगर बहुत ज्यादा बढ़ गई। इसके बाद धीरे-धीरे चलना शुरू किया। कुछ समय बाद चलने के साथ दौड़ना शुरू किया। फिर आदत बनती गई और दौड़ कर ज्यादा दूरी भी तय करने लगे। आज भी वह दिन में समय निकाल का करीब एक घंटा लगातार दौड़ते हैं।
ओम ने बताया लंबी उम्र का राज
उन्होंने कहा कि अगली बार पूरी तैयारी के साथ आएंगे और अच्छा प्रदर्शन करेंगे। उन्होंने युवाओं से अपील की कि नशे से दूर रहें। शरीर को स्वस्थ रखें। रोजाना कम से कम एक घंटा व्यायाम करें, तभी आयु लंबी होगी।