ट्रेन की चपेट में आकर भेड़ पालक और 20 भेड़ों की मौत
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यमुनानगर के सरस्वती नगर में यमुनानगर-अंबाला रेलवे ट्रैक पर मुस्तफाबाद रेलवे स्टेशन के नजदीक कूलपुर रेलवे क्राॅसिंग के निकट रेलवे लाइन के पास भेड़ चरा रहे भेड़ पालक और उसकी दो दर्जन से अधिक भेड़ ट्रेन की चपेट में आ गई। इस हादसे में भेड़ पालक और 20 से अधिक भेड़ों की मौत हो गई। सूचना के बाद जीआरपी मौके पर पहुंची और कार्रवाई शुरू कर दी।
पुलिस के मुताबिक गुंदियाना निवासी राम शरण भेड़ चराते थे। बुधवार सुबह उनकी भेड़ें रेलवे लाइन के पास चारा खा रही थी। इस दौरान कूलपुर के पास सामने से दिल्ली कालका पैसेंजर ट्रेन आ गई। कुछ भेड़ तो रेलवे ट्रैक से हट गई कुछ रेल लाइन के बीच में खड़ी हो गई। रामशरण भी भेड़ों को हटाने में लगे लेकिन तेजी से आ रही ट्रेन ने उन्हें अपनी चपेट में ले लिया।
इस हादसे में रामशरण और करीब 20 भेड़ों की मौत हो गई। आस-पास के लोगों ने इसकी सूचना पुलिस को दी। सूचना मिलते ही जीआरपी की टीम मौके पर पहुंची और मामले की जांच पड़ताल शुरू कर दी। पुलिस ने मृतक के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
भेड़ें बचाने के लिए गवां दिए अपने प्राण
यमुनानगर में रामशरण काफी समय से भेड़ चराने का काम करता था। उसे अपनी भेड़ों से काफी लगाव था और दिनभर उनके साथ ही रहता था। भेड़ों को बचाने के लिए उसने अपने प्राण भी दांव पर लगा दिए। प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि वह अपनी जान बचा सकता था। उन्होंने बताया कि रामशरण ट्रेन की आवाज सुनकर ट्रैक से दूर हो गया था लेकिन, कुछ भेड़ ट्रैक पर ही खड़ी हो गई। ट्रेन ने तेजी से हॉर्न दिया लेकिन भेड़ें नहीं हटी।
इसी बीच रामशरण अपनी जान की परवाह न करते हुए भेड़ों को ट्रैक से हटाने में जुट गया। तब तक ट्रेन काफी नजदीक आ गई। जैसे ही वह एक साइड की ओर भागा तो ट्रेन ने उसे भी चपेट में ले लिया। जिससे उसकी मौत हो गई।