हरियाणा के यमुनानगर में नगर निगम कमिश्नर आयुष सिन्हा की फोटो लगे व्हाट्सएप नंबर से मैसेज भेजकर साइबर ठगों ने निगम क्लर्क अभिजीत सिंह से रुपये मांगे है। व्हाट्सएप पर भेजे मैसेज में ठग ने कमिश्नर बनकर बातचीत करते हुए कहा कि वह मीटिंग में व्यस्त है। उसे अभी रुपयों की जरूरत है। कमिश्नर को जब इसका पता लगा तो उन्होंने भी निगम के व्हाट्सएप ग्रुप में मैसेज भेजकर इस तरह की ठगी से बचने के लिए निगम अधिकारियों व कर्मियों को सावधान किया। साइबर क्राइम थाना पुलिस ने मामले में अज्ञात पर केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
साइबर थाना में ये दी शिकायत
सुढल निवासी अभिजीत सिंह ने साइबर थाना पुलिस को दी शिकायत में बताया कि वह नगर निगम कार्यालय में क्लर्क पद पर कार्यरत हैं। रविवार देर शाम करीब छह बजे वह अपने मोबाइल फोन चला रहा था। तभी उसके व्हाट्सएप नंबर पर अनजान मोबाइल नंबर से मैसेज आया। मैसेज करने वाले ने खुद को नगर निगम कमिश्नर आयुष सिन्हा बताया।
उस नंबर पर प्रोफाइल फोटो भी नगर निगम कमिश्नर आयुष सिन्हा की ही लगी हुई थी। अभिजीत ने बताया कि उसके व्हाट्सएप पर आए मैसेज में लिखा था कि मैं आयुष सिन्हा नगर निगम कमिश्नर हूं। मैं एक अर्जेंट मीटिंग में हूं। क्या आप मेरी मदद कर सकते हैं। इसके बाद आरोपी ने किसी ऐप स्टोर कोड के बारे में पूछा और एक लिंक भेजकर ऐप स्टोर कोड के माध्यम से पैसों की मांग की। इस मैसेज को देख उसे शक हुआ। उन्होंने तुरंत निगम कमिश्नर के पीए काे फोन कर इस बारे में बताया। जिसके बाद पता लगा कि यह साइबर ठग की ओर से मैसेज किया गया है।
पता चलते ही निगम कमिश्नर ने किया अलर्ट
जैसे ही पीए ने इस संबंध में निगम कमिश्नर सिन्हा को बताया उन्होंने तुरंत ने सभी को अलर्ट किया। उन्होंने नगर निगम के बनाए हुए व्हाट्सएप ग्रुप में मैसेज भेजकर इस साइबर ठगी से सभी को अवगत कराया और अन्य अधिकारियों व कर्मचारियों को भी सतर्क रहने के लिए कहा। ताकि कोई और इस ठगी के जाल में न फंस सके।
निगम कमिश्नर आयुष सिन्हा ने इस बारे एसपी मोहित हांडा से भी बातचीत की और साइबर क्राइम पोर्टल पर भी तुरंत ऑनलाइन शिकायत दी। अभिजीत ने बताया कि कमिश्नर के आदेशानुसार उसने भी इसकी शिकायत साइबर क्राइम थाना में दी।
साइबर थाना पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए अज्ञात के खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। जांच अधिकारी नवीन यादव का कहना है कि मामले में अज्ञात पर केस दर्ज कर लिया गया है। मामले की जांच की जा रही है। जल्द ही ठग का पता कर उसे गिरफ्तार किया जाएगा।