यमुनानगर। गुरु नानक गर्ल्स कॉलेज में गुरु तेग बहादुर के 400वें प्रकाश पर्व को समर्पित हिंद दी चादर लाईट तथा साउंड शो कराया गया। इसका आयोजन प्रदेश सरकार के हरियाणा पंजाबी साहित्य अकादमी पंचकूला की ओर से कराया गया। इसमें जीएनजी कॉलेज प्रधान महंत कर्मजीत सिंह मुख्यातिथि रहे। कार्यक्रम की शुरूआत कॉलेज शब्द गायन से हुई। महंत कर्मजीत सिंह ने सभी को गुरु तेग बहादुर के 400वें प्रकाश पर्व की बधाई दी और उनके दिखाए गए मार्ग पर चलने के लिए प्रेरित किया। शो के डायरेक्टर जोगा सिंह खीवा ने बताया कि शो का मुख्य उद्देश्य लोगों को गुरु तेग बहादुर की शख्सियत व कुर्बानी के बारे में जागरुक करना रहा। कॉलेज निर्देशिका डॉ. वरिंद्र गांधी व प्रिंसिपल डॉ. अनु अत्रेजा की ओर से शो के सभी सदस्यों को सिरोपा व स्मृति चिह्न देकर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम की समाप्ति पर लंगर वितरित किया गया। मौके पर संत निश्चल सिंह कॉलेज ऑफ एजुकेशन की प्रिंसिपल डॉ. अंजू वालिया, सिमरन सिंह, मनदीप सिंह, अरविंद्र सिंह, डॉ. सुखविंद्र कौर, डॉ. गुरजिंद्र कौर, तरणदीप कौर, हरजीत कौर, गुरदयाल सिंह निमर व अन्य मौजूद रहे।
गुरु तेग बहादुर के बलिदान से हमें मिलती है प्रेरणा: डॉ. तनेजा
बिलासपुर। राजकीय महाविद्यालय अहड़वाला में गुरु तेग बहादुर के 400वें प्रकाश पर्व के उपलक्ष्य में कविता पाठ कराया गया। आयोजन महत्वपूर्ण दिवस समारोह समिति के तत्वाधान में हुआ। प्राचार्य डॉ. सुनील तनेजा ने विद्यार्थियों से कहा कि महापुरुषों के जन्म दिवस इसलिए मनाते हैं, ताकि उनकी शिक्षाओं को याद कर अपने जीवन को सार्थक बना सकें और समाज का भला कर सकें। गुरु तेग बहादुर के बलिदान से हमें प्रेरणा मिलती है कि कभी सत्य का मार्ग नहीं छोड़ना चाहिए। डॉ. रमेश धारीवाल ने कहा गुरु तेग बहादुर जी ने धर्म के प्रसार के लिए कई स्थानों पर भ्रमण किया। उन्होंने उपदेश देते हुए लोगों को सत्यता की शिक्षा दी। रूढ़ियों व अंधविश्वासों की आलोचना कर नए धर्म आदर्श स्थापित किए। कविता पाठ में विद्यार्थियों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया और गुरु तेग बहादुर के जीवन, शिक्षाओं व उनके बलिदान से संबंधित कविताओं को गाकर व पढ़कर सुनाया। मौके पर समिति संयोजिका डॉ. सुमन, डॉ. ममता मग्गो, प्रो. आरती अरोड़ा, डॉ. मनीषा मोर, प्रो. करण सिंह, प्रो. अमरपाल, प्रो. अमित कपूर, प्रो. अमित कुमार, प्रो.महिंद्र व प्रो. मंगल सिंह मौजूद रहे।