संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। माल भाड़ा ढुलाई के लिए अब निर्यातकों को अधिकतम 25 लाख रुपये की सहायता राशि सरकार की ओर से मिलेगी। इसे लेकर सरकार के वाणिज्य एवं उद्योग विभाग द्वारा आवश्यक अधिसूचना जारी कर दी गई है। जिस पर यमुनानगर-जगाधरी चैंबर्स एंड कामर्स की सचिव समीरा सलूजा ने इस घोषणा के लिए मुख्यमंत्री मनोहर लाल का आभार व्यक्त किया।
समीरा सलूजा ने कहा कि लंबे समय से निर्यातकों द्वारा उठाई जा रही इस मांग को पूरा कर मुख्यमंत्री ने प्रदेश से निर्यात को बढ़ाने के लिए एक और प्रभावी और कारगर कदम उठाया है। जिसके दूरगामी परिणाम आने वाले दिनों में निश्चित तौर पर देखने को मिलेंगे। इसके तहत सरकार ने हरियाणा उद्यम और रोजगार 2020 नीति के तहत माल ढुलाई सहायता योजना में संशोधन किया है। राज्य में सभी एमएसएमई की निर्यातक ईकाइयों के लिए संशोधित माल ढुलाई योजना अधिसूचित की है।
इसके अनुसार वैश्विक बाजार में एमएसएमई के निर्यात को प्रतिस्पर्धी बनाने के लिए अन्य गैर वित्तीय प्रोत्साहन सहित निर्यातक के परिसर से बंदरगाह, एयर कार्गो, अंतरराष्ट्रीय सीमाओं तक परिवहन लागत की अदायगी के लिए माल ढुलाई सब्सिडी के रूप में अधिकतम 25 लाख रुपये तक की सहायता राशि प्रदान की जाएगी। निर्यातक इस योजना का लाभ एक जुलाई 2023 से उठा सकेंगे। उन्होंने बताया कि फ्रेट सब्सिडी योजना को बहाल करने के साथ-साथ सरकार ने अधिकतम सहायता राशि को बढ़ाकर 20 से 25 लाख रुपये कर दिया है। जिससे प्रदेश के हजारों निर्यातकों को लाभ मिलेगा।