संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। जिले में 15 दिन बाद शुक्रवार को बारिश हुई। बारिश के आसार वीरवार से ही नजर आ रहे थे। शाम को आसमान पर काले बादल छाने लगे थे। शाम करीब छह बजे तेज हवा चली और आसमान काले बादलों से भर गया। इस दौरान कुछ देर के लिए बूंदाबांदी हुई। देर शाम करीब आठ बजे दोबारा से बूंदाबांदी हुई। इसके बाद रात भर बादलों का गरजना जारी रहा।
सुबह करीब चार बजे एकाएक तेज बारिश होने लगी। इस दौरान करीब एक घंटा तेज बारिश हुई। जिससे तापमान में पांच डिग्री तक की गिरावट दर्ज की गई। दोपहर करीब एक हल्की हल्की बारिश जारी रही। बारिश से लोगों को भारी राहत मिली। सावन के शुरूआती दिनों में मौसम विभाग ने दस दिन लगातार बारिश की संभावना जताई थी। पांच अगस्त के बाद लोग बारिश के लिए तरस गए। 15 दिन बाद जब बादल बरसे तो लोगों ने राहत की सांस ली।
वहीं बारिश से किसानों के चेहरे भी खिल उठे। चूंकि इन दिनों धान को पानी की अधिक आवश्यकता होती है। बारिश न होने के कारण किसान कृत्रिम सिंचाई कर रहे थे। ऐसे में बिजली किल्लत के कारण किसानों को मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा था। बारिश से किसानों को भारी राहत मिली है। वहीं मौसम विभाग ने शनिवार को भी बारिश की संभावना जताई है। रात दो बजे से लेकर शाम पांच बजे रुक-रुककर बारिश हो सकती है। यह बारिश फसलों के लिए काफी लाभकारी रहेगी।
बारिश से गलियां सड़क जलमग्न
शहर में काफी दिन बाद अच्छी बारिश हुई। ट्विन सिटी में सुबह साढ़े सात बजे तक 42 एमएम बारिश दर्ज की गई। इस दौरान शहर की गलियों व सड़कों पर पानी भर गया। शहर की लाजपतनगर, विजय कॉलोनी, पुराना हमीदा की गड्ढ़ा कॉलोनी, ससौली, कांसापुर, जगाधरी छोटी लाइन, रेलवे बाजार, झंडा चौक इत्यादि पर पानी भरा। वहीं जगाधरी की सिविल लाइन के पास नाले जाम होने से सड़क तलाब के रूम में नजर आई। इसके अलावा शहर की करीब एक दर्जन कॉलोनियों में पानी भरने से लोगों को परेशानी हुई।
यहां हुई इतनी बारिश
जिले में औसतन 22 मिमी बारिश दर्ज की गई। सबसे ज्यादा बारिश ट्विन सिटी और छछरौली में हुई। यहां 42 मिमी बारिश दर्ज की गई। प्रतापनगर में 29 मिमी बारिश हुई। इसके अलावा रादौर में 18 और सरस्वतीनगर में 14 मिमी बारिश दर्ज की गई। बिलासपुर और साढौरा में 5 मिमी बारिश हुई।