यमुनानगर। बुड़िया पुल के समीप पश्चिमी यमुना नहर में डूबे पांच युवकों में से तीन के शव सोमवार को बरामद हो गए, जिनकी पहचान गंगानगर कॉलोनी के निखिल गुप्ता (20), शांति कॉलोनी के साहिल वर्मा (21) और सुलेमान (20) के रूप में हुई है। इनमें सुलेमान को तैरना नहीं आता था, जबकि निखिल और साहिल तैरना जानते थे। फिर भी डूबने से उनकी मौत हो गई। इस पर परिजनों का कहना है कि डूबते दोस्तों को बचाने का निखिल और साहिल ने भरसक प्रयास किया, लेकिन ईंट-पत्थरों से आरोपियों की ओर से किए गए हमले के कारण वे बचाने में नाकाम रहे और खुद भी डूब गए।
बताया जा रहा है कि जब नहाते समय अचानक युवकों पर आरोपियों ने हमला बोला तो निखिल और साहित नहर में कूदने के बाद तैरकर दूसरी तरफ निकल गए, लेकिन सुलेमान और अन्य दोस्तों को तैरना नहीं आता था, जिन्हें बचाने के लिए वे दोबारा नहर के बीच में आए और फिर तेज बहाव में समा गए। निखिल के पिता सतप्रकाश और साहिल के बड़े भाई सागर ने बताया कि निखिल व साहिल की मौत नहर में डूबने से बताई जा रही है, पर वह अच्छी तरह से तैरना जानते थे। परिजनों को प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि जब युवकों पर हमला हुआ तो वहां से दो युवक तैरकर नहर के दूसरे किनारे पर चले गए थे। फिर अपने दोस्तों को बचाने के लिए वे नहर में आए और खुद भी डूब गए।
दिव्यांग पिता से छिन गया इकलौते बेटे का सहारा
जगाधरी की गंगानगर कॉलोनी निवासी निखिल के पिता सतप्रकाश दिव्यांग हैं। वे दो साल पहले अपना एक पैर खो चुके हैं और अब उनसे इकलौते बेटे का सहारा भी छिन गया। सतप्रकाश ने बताया कि उनकी घर पर बेकरी की दुकान है, जबकि निखिल के लिए शांति कॉलोनी में करियाना की दुकान की थी। दुकान पर ही उसकी दोस्ती अल्लाऊद्दीन और सुलेमान से हुई थी। रविवार सुबह निखिल घर से बिना बताए बाइक पर निकला था। अभी तक उसकी बाइक का पता नहीं चल सका है। निखिल की एक छोटी बहन भी है।
रैली के बाद नहाने गया था साहिल, मिली डूबने की सूचना
शांति कॉलोनी निवासी साहिल के बड़े भाई सागर ने बताया कि वे तीन भाई हैं, जिसमें साहिल उनसे छोटा था। रविवार को साहिल बिना कुछ बताए घर से निकला था। बाद में पता चला कि वह दोस्तों के साथ जगाधरी अनाज मंडी में रैली के बाद बुड़िया पुल पर नहर में नहाने गया है, जहां बाद में उसके डूबने की सूचना मिली। सोमवार दोपहर में उसका शव अमादलपुर के पास मिला।
डूबते को बचाने का है विशेष तरीका
18 साल से डूबते लोगों को बचाने में लगे गोताखोर राजीव ने बताया कि भले आप तैरना जानते हों, लेकिन डूबते हुए को बचाने के लिए एक विशेष तरीका होता है। अगर आप डूबते व्यक्ति के सामने आकर बचाने का प्रयास करेंगे, तब वह अपनी टूटती सांस देख आपको ही पानी में नीचे धकेलने लगेगा। कई बार डूबते व्यक्ति का वजन अधिक होने से भी बचाने वाला डूबने लगता है, इसलिए डूबते व्यक्ति को हमेशा पीछे की ओर से पकड़ कर बाहर निकालना चाहिए।
Nikhil and Sahil knew how to swim, yet died due to drowning, the family said - lost their lives to save friends- फोटो : Yamuna Nagar