संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। संयुक्त किसान मोर्चा के आह्वान पर दशहरा पर सरकार का पुतला फूंकने का कार्यक्रम कस्बे में एक दिन बाद शनिवार को किया गया। कार्यक्रम कस्बे की अनाजमंडी के गेट पर प्रदर्शन किया गया। किसानों ने सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और तीनों कृषि कानून रद्द करने की मांग की।
अगुवाई संयुक्त किसान मोर्चा के नेता अधिवक्ता धर्मपाल चौहान, गुरभजन तथा भारतीय किसान यूनियन के जिला महासचिव कर्णवीर सलेमपुर ने की। अधिवक्ता धर्मपाल चौहान ने कहा कि सरकार झूठ बोलकर जनता को गुमराह कर रही है। सरकार ने किसानों की आय दोगुनी करने और स्वामीनाथन आयोग की रिपोर्ट लागू करने का वादा किया था। भ्रष्टाचार खत्म कर तथा काला धन वापस लाने ओर लोगों के खाते में 15 लाख रुपये देने का भी वादा किया था। जनता को कुछ देना तो दूर सरकार लोगों से सब कुछ छीनती जा रही है। लाखों युवाओं का रोजगार छिन गया है। करोड़ों लोग बेरोजगार घूम रहे हैं। महंगाई के कारण गरीब आदमी का निवाला छिनता जा रहा है।
रसोई गैस के बढ़ते दामों ने परेशान कर रखा है। सरकार केवल विज्ञापन में योजनाओं के बारे में बता रही है, जबकि धरातल पर यह कहीं नहीं है। यदि आम आदमी लोन लेने बैंक जाता है, तो उसे कुछ नहीं मिलता। जब सरकार की योजना का हवाला देता है, तो पता चलता है कि सरकार ने ही ऋण देने से मना किया है। किसान करीब 11 महीने से आंदोलन कर रहे हैं। सात सौ से ज्यादा किसानों की जान चली गई है। सरकार ने कभी इनकी तरफ ध्यान नहीं दिया।
उन्होंने कहा एमएसपी पर कानून बनने और तीनों कृषि कानून रद्द होने तक किसानों का आंदोलन चलता रहेगा। इस दौरान किसानों ने लखीमपुर खीरी में मारे गए किसानों को नमन किया और केंद्रीय मंत्री अजय मिश्रा को तुरंत बर्खास्त कर गिरफ्तार करने की मांग की। उन्होंने कहा संयुक्त किसान मोर्चा के आह्वान पर 18 अक्तूबर को रेल रोककर आंदोलन किया जाएगा। इस दौरान जिला उपाध्यक्ष सुभाष हरतोल, छछरौली प्रधान मोहनलाल मुंडाखेड़ा, बिलासपुर उपाध्यक्ष जसवीर अजीजपुर, सुरेंद्र नंबरदार मुंडाखेड़ा, रजनीश सलेमपुर, समय सिंह सलेमपुर, पालराम, जसविंद्र अजीजपुर, अशोक कुमार, बलकार सिंह बसातियांवाला, मांगेराम उपस्थित रहे।