यमुनानगर। जाने अनजाने में लोग घरों में बीमारियां पाल रहे हैं। कई बार बीमारी इतना घातक रूप ले लेती है कि जान से भी हाथ धोना पड़ सकता है। स्वास्थ्य विभाग ने लोगों के घरों में जाकर जांच की तो 109 घरों में डेंगू का लारवा मिला। इतने घरों में लारवा मिलने से स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी भी हैरान हैं।
विभाग ने अब इन सभी को चेतावनी नोटिस थमाए हैं। नोटिस में कहा गया है कि वह घरों में ऐसी जगह पानी जमा न होने दें जहां पर मच्छरों का लारवा पनपे। जल्द ही इसकी दोबारा जांच की जाएगी। यदि फिर से घर में लारवा मिला तो स्वास्थ्य विभाग के नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
20,564 घरों में किया गया सर्वे
स्वास्थ्य विभाग द्वारा मच्छरों से होने वाले मलेरिया, डेंगू व अन्य किसी भी प्रकार की बीमारी की रोकथाम के लिए टीमों का गठन किया हुआ है। इन टीमों द्वारा ग्रामीण व शहरी क्षेत्र के विभिन्न वार्डों में जाकर घरों व उनके आसपास निरीक्षण किया जा रहा है।
निरीक्षण में लोगों को घर में कूलर, खाली बर्तनों व फ्रिज की ट्रे में जमा पानी की जांच की जाती है। विभाग की तरफ से 20,564 घरों में जाकर सर्वे किया गया। जिनमें से 109 घरों में डेंगू का लारवा मिला। टीमों ने घरों व उनके आसपास ठहरे पानी में लारवा को नष्ट करने के लिए दवाई डाली। इसके साथ ही इन मकान मालिकों को चेतावनी के नोटिस जारी किए हैं कि वे अपने कूलर व अन्य किसी जगहों पर लंबे समय से पानी एकत्रित न होने दें ताकि मच्छरों से बीमारी न पनपे।
डेंगू की रोकथाम के लिए स्वास्थ्य विभाग की टीमों द्वारा निरंतर गांवों व शहर में निरीक्षण किया जा रहा है। इसी बीच विभाग ने मच्छरों का लारवा मिलने पर 109 लोगों को नोटिस दिए गए हैं ताकि वह कूलर व अन्य बर्तनों में साफ पानी रखें ताकि उनके लारवा न बने।
-डॉ. सुशीला सैनी, जिला मलेरिया अधिकारी, यमुनानगर।
यह हैं डेंगू के लक्षण
डेंगू आमतौर पर मादा एडीज इजिप्टी मच्छर के काटने से फैलता है। डेंगू से संक्रमित होने पर प्लेटलेट्स की संख्या कम होने लगती है। इसलिए इस मौसम में बुखार आता है तो डेंगू की जांच जरूर करानी चाहिए। डेंगू होने पर बुखार के अलावा सिर, मांसपेशियों और जोड़ों में दर्द होता है। इसके अलावा आंखों के पिछले हिस्से में दर्द, कमजोरी, भूख न लगना, गले में दर्द होना, मुंह का स्वाद खराब हो जाना और शरीर पर रेशेज जैसे लक्षण भी नजर आ सकते हैं। डेंगू के ज्यादातर लक्षण आम वायरल फीवर जैसे ही होते हैं, इसलिए कई बार बुखार आने पर लोग इसे वायरल समझ कर नजरअंदाजी करते हैं।