संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। बराड़ा रूट पर चलने वाली बस बंद होने से ग्रामीण क्षेत्रों से चार कॉलेजों में आने वाली छात्राएं परेशान हैं। गुस्साई छात्राएं मंगलवार को बस स्टैंड स्थिथ जीएम रोडवेज कार्यालय पहुंची। जीएम के नहीं मिलने पर वह अन्य अधिकारियों के पास पहुंची और अधिकारियों को खूब खरी-खोटी सुनाकर बराड़ा रूट पर बसें चलवाने की मांग की। रोडवेज अधिकारियों ने उनकी समस्या का जल्द समाधान करने का आश्वासन दिया।
इसके बाद छात्राओं ने मुख्यमंत्री को शिकायत भेजी। शिकायत में उन्होंने रोडवेज अधिकारियों पर उनकी सुनवाई न करने का आरोप लगाया और रूट पर दो बसें चलवाने की मांग रखी। छात्रा निशू, अमिता, प्रियंका, आंचल, शालू, तमन्ना, सरोज, सनम, अजेता, रेखा आदि ने बताया कि वे गुरु नानक गर्ल्स कॉलेज, डीएवी कन्या महाविद्यालय, एमएलएन कालेज व गुरु नानक खालसा कॉलेज में पढ़ती हैं। बस स्टैंड से पहले दो बसें बराड़ा के लिए चलती थी। बसोें में जगूड़ी, रेतगढ़, दौलतपुर, हाफिजपुर, नगला, खेड़ी, मुस्तफाबाद समेत दर्जन भर गांव से काफी संख्या में छात्राएं अपने कॉलेज आती जाती थीं।
रोडवेज की तरफ से इन दोनों बसों को बिना किसी कारण बंद कर दिया गया, जिसके कारण क्षेत्र की सैकड़ों छात्राएं कॉलेज आने से वंचित हैं। छात्राओं ने आरोप लगाते हुए कहा कि इस बारे में कई बार जीएम रोडवेज को शिकायत की। इसके बाद भी कोई कार्यवाही नहीं की गई। उनकी मांग है कि बराड़ा रूट पर सुबह सात व आठ बजे और शाम को चार व साढ़े चार बजे बजे चलाई जाए। ताकि छात्राओं को शिक्षा बर्बाद होने से बचाई जा सके। इस संबंध में छात्राओं ने एक शिकायत मुख्यमंत्री को भी भेजी, जिसमें उन्होंने रूट पर नियमित रूप से बसें चलवाने की मांग रखी। इस संबंध में जब रोडवेज जीएम रविंद्र पाठक को फोन किया गया तो उन्होंने कॉल नहीं रिसीव की।