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एडीजीपी ने जाना गोली लगने से घायल एसएचओ व चौकी इंचार्ज का हाल

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अंबाला रेंज के एडीजीपी श्रीकांत जाधव व डीसी पार्थ गुप्ता गांव कलांपुर में दो भाईयों के विवाद में गोली लगने से घायल हुए छप्पर थाना प्रभारी जगदीश चंद्र व पंचतीर्थी चौकी इंचार्ज राम कुमार का हाल जानने के लिए गाबा अस्पताल पहुंचे। एडीजीपी जाधव ने कहा कि इन जवानों ने अपनी जान की परवाह किए बिना अपना कर्तव्य निभाया है। अपनी जान पर खेल कर दूसरे लोगों की जान बचाई। इसलिए विभाग की ओर से पांच-पांच हजार रुपये व प्रथम क्लास का सर्टिफिकेट घायल जवानों को दिया गया है। उनके इलाज का सारा खर्च सरकार की ओर से वहन किया जाएगा।
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बता दें कि थाना छप्पर के गांव कलांपुर में जमीन विवाद के चलते एक पक्ष ने पुलिस को बुलाया था। घटनाक्रम पर पुलिस मौके पर पहुंची। दूसरे पक्ष ने अपनी रिवाल्वर से पुलिस बल पर गोली चलाई। परिणाम स्वरुप इस गोली कांड में एसएचओ जगदीश बिश्नोई व पंचतीर्थ चौंकी इंचार्ज राम कुमार के पैरों में गोली मार दी। जिससे वे घायल हो गए। घायल अवस्था में उन्हें शहर के गाबा अस्पताल में उपचार के लिए लाया गया। दोनों पुलिसकर्मियों की स्थिति सामान्य है।
आरोपी परमिंद्र के पैर में भी लगी थी गोली, अस्पताल में भर्ती
थाना छप्पर के गांव कलांपुर में वीरवार देर रात दो भाइयों परमिंद्र व राजिंद्र के बीच जमीन को लेकर झगड़ा हुआ था। इस दौरान जब छप्पर एसएचओ जगदीश बिश्नोई व पंचतीर्थी चौकी इंचार्ज रामकुमार पहुंचे थे तो आरोपी परमिंद्र अपने भाई और अन्य पर गोली चलाने वाला था, इससे पहले ही पुलिस ने उसे पकड़ लिया। इस दौरान छप्पर एसएचओ व चौकी इंचार्ज को गोली लग गई। हालांकि जब परमिंद्र गिरा तो बीच-बचाव में उसके पैर में भी गोली लगी है। अब उसका इलाज सेक्टर 32 चंडीगढ़ अस्पताल में चल रहा है। डीएसपी प्रमोद के मुताबिक वह पुलिस हिरासत में है। बता दें गांव कलापुर में परमिंद्र व हरजिंद्र के बीच जमीन को लेकर विवाद चल रहा है। इसी रंजिश में वीरवार को दोनों भाई आमने सामने हो गए। परमिंद्र ने हरजिंद्र पर पहले ईंट से हमला कर घायल कर दिया। दोनों पक्षों के लोग आमने सामने हो गए। इसका पता पुलिस को लगा, तो थाना प्रभारी जगदीश व पंचतीर्थी चौकी इंचार्ज रामकुमार गांव में पहुंचे। यहां पर परमिंद्र के हाथ में लोडेड पिस्टल थी। जैसे ही वह अपने भाई पर चलाने लगा, तो थाना प्रभारी व चौकी इंचार्ज ने उसे पकड़ लिया। पिस्टल को नीचे कर दिया। इतने में उसने पांच राउंड चला दिए। जिसमें तीन गोलियां दोनों पुलिस अधिकारियों को लग गई। बाद में अन्य पुलिसकर्मियों ने आरोपी को पकड़ा था।
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