लाडवा नगर पालिका की बैठक वीरवार को तनातनी और नोकझोंक के बीच खत्म हुई। नगरपालिका सचिव बलबीर रोहिला ने बताया कि बैठक में प्रस्तावित तीन भवन प्लान के नक्शे पास किए गए।
विकास कार्यों पर चर्चा के बाद इन्हें पास किया गया। इसके अलावा शहर में सुअरों से फैल रही गंदगी और नागरिकों को हो रही परेशानियों संबंधित शिकायतों को मद्देनजर रखते हुए अलग-अलग स्थानों पर कैटल कैचर लगाने का प्रस्ताव भी पास किया गया।
वहीं, बैठक में तीन पार्षद नदारद रहे, वहीं, उपाध्यक्ष सहित तीन पार्षदों ने बैठक का बहिष्कार कर दिया। हालांकि कोरम पूरा होने के कारण इस बैठक में मौजूद 9 पार्षदों ने सर्वसम्मति से कई प्रस्तावों को हरी झंडी देते हुए पास कर दिया। बैठक लाडवा नगरपालिका की नपा प्रधान कौशल्या खुराना की अध्यक्षता में हुई।
बैठक में प्रधान कौशल्या खुराना, बिजेश शर्मा, रमेश पंडित, पूजा बंसल, दर्शन पोपली, विजय ढींगडा, सोमा देवी, भीम सिंह और रसपिन्द्र कौर मौजूद रहे, जबकि पार्षद देवेंद्र मान, भागवंती देवी और कर्मजीत कौर बैठक से नदारद रहे।
कुछ पार्षदों की चाल है : खुराना
नपा प्रधान कौशल्या खुराना के अनुसार कुछ पार्षद जानबूझ कर बैठक में लेट आए, ताकि विकास कार्यों में रोड़ा अटकाया जा सके। जो भी प्रस्ताव पास किए गए हैं, वह बैठक में मौजूद पार्षदों की सहमति से पास किए गए।
बनवाल और पार्षदों में तीखी नोकझोंक
नगरपालिका के उपप्रधान रतनलाल बनवाल पांत पुलिस सुरक्षा कर्मियों, पार्षद अनिल माटा व सुखबीर सिंह के साथ 10 बजकर 38 मिनट पर बैठक में पहुंचे।
इसी बीच प्रधान व और बैठक में शामिल अन्य लोग यह कहकर उठ गए कि बैठक समाप्त हो गई। इस बात पर नपा उपप्रधान बनवाल, अनिल माटा व सुखबीर सिंह की अन्य पार्षदों के साथ तीखी नोकझोंक भी हुई। बनवाल ने आरोप लगाया कि बैठक का समय सुबह 10:30 बजे निर्धारित था, लेकिन प्रधान और उनके खेमे के पार्षदों ने मिली भगत से आधे घंटे पहले 10 बजे ही शुरू कर दी।
‘जान का खतरा था, इसलिए पुलिस को लाना पड़ा’
नपा उपप्रधान बनवाल ने कहा कि वह बिना सुरक्षा कर्मियों के नगरपालिका परिसर में दाखिल नहीं होना चाहते थे, क्योंकि उन्हें कुछ पार्षदों से अपनी जान का खतरा था। उन्हाेंने बैठक से एक दिन पहले ही जिला पुलिस अधीक्षक से प्रार्थना कर सुरक्षा कर्मियों की मांग की थी।
उन्होंने हैरानी जताई कि केवल आठ मिनट में सारे मुद्दे कैसे पास कर दिए गए। वहीं, बनवाला ने बैठक पर सवाल उठाए और गंभीर आरोप लगाते हुए इस बैठक पर विरोध जताते हुए पार्षद अनिल माटा और सुखबीर का बहिष्कार कर दिया। इस दौरान बैठक में सचिव बलबीर रोहिला सहित भवन निरीक्षक संदीप सहित जेई खुशीराम और सफाई निरीक्षक संजय कुमार भी उपस्थित रहे।