बारिश के बाद मिशन चौक पर हुए दर्दनाक हादसे में फर्नीचर व बर्तन कारोबारी और एक कर्मी की करंट लगने से मौत हो गई। हादसे में कारोबारी के बेटे और दूसरे कर्मी को भी हल्का करंट लगा। वह बाल-बाल बच गए। सूचना के बाद पहुंची पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर नागरिक अस्पताल में भिजवा दिया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
मिशन चौक निवासी नरेंद्र कुमार गुप्ता उम्र 61 साल घर के पास ही गुप्ता फर्नीचर व बर्तन भंडार के नाम से दुकान चलाते थे। उनकी दुकान पर मूलरूप से उत्तर प्रदेश के बरेली हाल पत्थर वाली गली आर्य नगर निवासी शुभम उम्र 20 साल और रोहित काम करते थे। नरेंद्र कुमार के बेटे दीपांशु भी पिता के साथ दुकान पर बैठते थे। शनिवार सुबह से ही तेज बारिश के चलते जलभराव के चलते नरेंद्र कुमार की दुकान में भी पानी चला गया था। जिस पर बारिश रुकने के बाद दोपहर करीब ढाई बजे वह दुकान पर पहुंचे थे। दुकान के दोनों तरफ गली होने के चलते शटर लगे हैं।
आगे की तरफ सफाई के दौरान नरेंद्र ने कारिंदे शुभम को पिछले शटर के पास लगी लोहे की सीढ़ियों के रास्ते पर छत पर जाने को कहा था। उन्हें अंदेशा था कि छत पर पानी भर सकता है। ऐसे में शुभम दुकान के पिछले हिस्से में लोहे की सीढ़ियों की तरफ चला गया। जब वह करीब 20-25 मिनट तक वापस नहीं पहुंता तो नरेंद्र कुमार ने दूसरे कारिंदे रोहित को उन्हें देखने के लिए भेज दिया। रोहित ने सीढ़ियों पर शुभम को बेसुध पड़ा देखा। उसने वापस आकर नरेंद्र को बताया। जिस पर नरेंद्र, रोहित व नरेंद्र का बेटा दीपांशु तीनों सीढ़ियों की तरफ दौड़े।
नरेंद्र ने देखा कि शुभम को करंट लगा था। बताया जा रहा है कि डंडे से शुभम को हटाने के दौरान नरेंद्र भी करंट की चपेट में आ गए। उनके बेटे दीपांशु व रोहित ने उन्हें बचाने की कोशिश की तो उन्हें भी करंट का झटका लगा। हालांकि दूर गिरने से वह बच गए। रोहित थोड़ा झुलस गया। उन्होंने आसपास के लोगों को अवगत कराया और मामले की जानकारी पुलिस को दी। सूचना के बाद सिटी थाना पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी है। जिला व्यापार मंडल के अध्यक्ष संजय सिंगला भी मौके पर पहुंचे और परिवार को सांत्वना दी।