परिवार के सात लोगों की निर्ममता से हत्या करने वाली हिसार के पूर्व विधायक रेलूराम की बेटी सोनिया और उसके पति संजीव को सुप्रीम कोर्ट ने जीवनदान दे दिया है। लेकिन दोनों को अपनी मृत्यु तक जेल में ही रहना होगा।
23-24 अगस्त 2001 की रात संजीव और सोनिया ने मिलकर रेलूराम, उनकी पत्नी कृष्णा, बेटे सुनील, पुत्रवधू शकुंतला, ढाई साल के लोकेश, डेढ़ साल की शिवानी और 45 दिन की प्रीति की हत्या कर दी थी।
हिसार जिला अदालत ने दोनों को 31 मई 2004 को फांसी की सजा सुनाई थी। बाद में हाईकोर्ट ने सजा को उम्रकैद में बदला लेकिन सुप्रीम कोर्ट ने फिर फांसी की सजा बहाल कर दी।
दोनों ने राष्ट्रपति से दया की गुहार लगाई थी। जिसे चार अप्रैल 2013 को राष्ट्रपति ने खारिज कर दिया था।