हरियाणा के सोनीपत में पेपर सॉल्वर गैंग के सरगना की गिरफ्तारी के बाद सोनीपत एसटीएफ ने सुबूत जुटाने के साथ ही आरोपियों पर शिकंजा कसना शुरू कर दिया है। अब एसटीएफ गिरफ्तार सभी 20 आरोपियों के बैंक खातों की डिटेल निकालने के साथ ही उनकी संपत्ति का रिकॉर्ड जुटाएगी।
अब तक एसटीएफ को गैंग की देशभर में 17 लैब की जानकारी थी, जिसमें अकेले सोनीपत की पांच लैब शामिल हैं। एसटीएफ सोनीपत प्रभारी इंस्पेक्टर सतीश देशवाल ने बताया कि अब आरोपियों की दो अन्य लैब का पता लगा है। इसमें एक यमुनानगर व दूसरी दिल्ली में मिली है। टीम सभी 19 लैब की गहनता से जांच करेगी।
एसटीएफ की टीम अब मोहाली स्थित मुख्य लैब में जांच करने गई है। इस लैब के किराये के रूप में ही आरोपी 7.51 लाख प्रति महीना खर्च करते थे। अब एसटीएफ सभी लैब में उन कंप्यूटर की जांच करेगी, जिन्हें हैक कर पेपर सॉल्व किए जाते थे। उनसे टीम को अहम सुराग मिल सकते हैं।
एसटीएफ को पेपर सॉल्व कराने वाले कई युवाओं की जानकारी हाथ लगी है। अब टीम उनसे पूछताछ कर सुबूत जुटाएगी। साथ ही आरोपी के मोबाइल की कॉल डिटेल व सीडीआर से भी जानकारी जुटाने का प्रयास किया जा रहा है। एसटीएफ इस मामले में हर पहलू पर जांच कर रही है।
पेपर सॉल्वर गैंग की बारीकी से जांच की जा रही है। अब आरोपियों की दो अन्य लैब के बारे में जानकारी मिली है। सभी लैब से कंप्यूटर जब्त कर सुबूत जुटाए जाएंगे। साथ ही सभी आरोपियों की संपत्ति का पता लगाया जाएगा। इसके लिए रेवेन्यू अधिकारियों को पत्र लिखा गया है। मामले में कई अन्य लोगों के नाम सामने आए हैं। जल्द अन्य की गिरफ्तारी की जाएगी। - इंस्पेक्टर सतीश देशवाल, प्रभारी, एसटीएफ सोनीपत