थाना गन्नौर पुलिस द्वारा गिरफ्तार किया गया आरोपी नीरज। संवाद
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गांव भांवर में सरकारी स्कीमों का फायदा देने के नाम पर पहचान पत्र एकत्रित कर रहे युवक को लोगों ने पकड़ लिया। वह फार्म भरवाने के बहाने लोगों के पहचानपत्र ले रहा था। उसके पास से फर्जी पहचान पत्र और आधार कार्ड मिला है। गांव के निवर्तमान सरपंच ने उसके खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया है। पुलिस ने उसे एक दिन के रिमांड पर लिया है।
गांव भांवर के निवर्तमान सरपंच विजय कुमार ने पुलिस को बताया कि 15 जनवरी को दोपहर के समय उनके गांव में एक युवक कुछ व्यक्तियों को सरकारी योजनाओं के बारे में जानकारी दे रहा था। युवक पर संदेह होने पर जब उससे पूछताछ की तो उसने अपनी पहचान दिल्ली के कीर्ति नगर निवासी आदित्य के रूप में दी। जब उसका आधार कार्ड व दूसरी आईडी की जांच की तो वह फर्जी प्रतीत हुई। इस पर जब उससे सख्ती से पूछताछ की तो उसने अपनी पहचान नीरज निवासी अवधपुरा, जालंधर, पंजाब के रूप में दी। उसने यह भी बताया कि गुरुग्राम उद्योग नगर की रचना नाम की महिला ने उसे भोले-भोले लोगों को बहकाकर उनके आईडी प्रूफ जमा करने को कहा था, जोकि आगे चल कर उनके काम आने वाले थे। इस पर उन्होंने नीरज को पकड़ कर थाना गन्नौर पुलिस के हवाले कर दिया। पुलिस ने उसके खिलाफ धोखाधड़ी करने का मुकदमा दर्ज किया है। थाना प्रभारी इंस्पेक्टर धीरज कुमार ने बताया कि आरोपी को अदालत में पेश कर एक दिन के पुलिस रिमांड पर लिया है।