सोनीपत। जिला सैनिक बोर्ड अधिकारी कर्नल कुलदीप सिंह दलाल ने बताया कि वर्ष 1986 से पहले सेना से सेवानिवृत्त हुए सभी पेंशनभोगियों को पीपीओ में अपनी पत्नी का नाम दर्ज करवाना अनिवार्य है। इसको लेकर आर्मी मुख्यालय ने अपने स्तर पर मुहिम शुरू की है। सेवानिवृत्त सैनिक के पीपीओ में पत्नी का नाम और आधार कार्ड अनुसार जन्मतिथि को होना बेहद आवश्यक है।
कर्नल कुलदीप सिंह दलाल ने बताया कि सरकार की तरफ से बैंकों के सीपीपीसी या डीपीडीओ के माध्यम से मिलने वाली पुरानी पेंशन व्यवस्था को बदलते हुए स्पर्श प्रोग्राम से पेंशन पेंशनधारक के बैंक खातों में आने लगी है। स्पर्श प्रोग्राम को लेकर पूर्व सैनिकों के संदेहों का भी निवारण किया जा रहा है। जिन पूर्व सैनिकों को मोबाइल नंबर, आधार नंबर, पेन नंबर स्पर्श के पीपीओ में दर्ज नहीं है, वह भी डीपीडीओ कार्यालय से अपने रिकार्ड को दुरुस्त करवा सकते हैं।
जिला के सभी पूर्व सैनिक जो वर्ष 1986 से पहले सेवानिवृत्त हुए हों या जो सेवानिवृत्त सैनिक स्पर्श के माध्यम से पेंशन प्राप्त कर रहे हैं, वह जिला सैनिक बोर्ड सोनीपत के कार्यालय में कार्य दिवस में आकर अपने दस्तावेज दुरुस्त करवा लें। इससे उन्हें किसी प्रकार की समस्या का सामना न करना पड़े। उन्होंने बताया कि पेंशन स्पर्श में परिवर्तित होने पर अलग से नया पीपीओ बनता है जो पेंशन पाने वालों को अपने स्पर्श अकाउंट में लॉगिन करके कंप्यूटर से प्रिंट करवाने की आवश्यकता है। इसका डाक के माध्यम से गृह पते पर आने का इंतजार करना होगा।