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सोनीपत: 26 अक्तूबर को किसानों का देशव्यापी धरना, एसकेएम ने कहा- सुप्रीम कोर्ट के जज से करवाई जाए लखबीर हत्याकांड की जांच

Fri, 22 Oct 2021 11:03 AM IST
रोहतक ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत (हरियाणा)

सार

किसानों ने लखीमपुर खीरी में किसानों की मौत के मामले के आरोपी केंद्रीय गृह राज्य मंत्री अजय मिश्र टेनी का इस्तीफा न लिए जाने के विरोध में भी अहम निर्णय लिया है। किसान मोर्चा का कहना है कि 26 अक्तूबर को उनके आंदोलन के 11 माह पूरे हो रहे हैं, ऐसे में किसान देशभर में धरने देंगे।
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कुंडली बॉर्डर पर बैठक करते एसकेएम नेता। - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
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विस्तार
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संयुक्त किसान मोर्चा (एसकेएम) ने 15 अक्तूबर को कुंडली बॉर्डर आंदोलन स्थल पर हुई पंजाब के लखबीर की नृशंस हत्या के मामले की जांच सुप्रीम कोर्ट के न्यायाधीश से करवाने की मांग की है। एसकेएम ने कहा है कि हत्याकांड का आरोप जिस निहंग समूह पर लगा है, उनमें से एक की फोटो केंद्रीय मंत्रियों के साथ देखी गई है, जिसके कारण इस पूरे मामले की जांच बेहद जरूरी है। साथ ही किसानों ने कहा है कि केंद्रीय कृषि मंत्री नरेंद्र तोमर व कैलाश चौधरी से सरकार को तुरंत इस्तीफे लेने चाहिए। किसानों ने लखीमपुर खीरी मामले में 26 अक्तूबर को देशभर में विरोध प्रदर्शन व धरने का भी एलान किया है।

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एसकेएम की बैठक गुरुवार को कुंडली बॉर्डर पर हुई, जिसमें पंजाब की 32 जत्थेबंदियों ने भाग लिया। इस दौरान मुख्य विषय 15 अक्तूबर को बॉर्डर पर हुई युवक की नृशंस हत्या व बेअदबी मामला रहा। डॉ. दर्शनपाल ने कहा कि एसकेएम को अंदेशा है कि पूरी घटना एक साजिश थी, जिसके तहत किसान आंदोलन को न केवल बदनाम किया जाना था, बल्कि आंदोलन को फेल भी किया जाना था।

धीरे-धीरे पूरी साजिश का खुलासा हो रहा है। निहंग बाबा अमन सिंह की फोटो केंद्रीय मंत्री नरेंद्र तोमर व कैलाश चौधरी के साथ वायरल हुआ है, जिससे साफ है कि निहंगों का एक समूह केंद्रीय नेताओं के संपर्क में था और साजिश रची जा रही थी। ऐसे में इस पूरे मामले की जांच सुप्रीम कोर्ट के न्यायाधीश से करवाई जाए और इससे पहले केंद्र दोनों मंत्रियों को उनके पदों से हटाएं।
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किसानों ने फिर दोहराया है कि उनके आंदोलन का निहंगों से कोई लेना-देना नहीं है। उनका आंदोलन किसान आंदोलन है, न कि धार्मिक आंदोलन। ऐसे में आंदोलन के बारे में फैला जा रहा भ्रम बर्दाश्त नहीं होगा।

किसानों ने बनाई पांच सदस्यीय कमेटी, शुरू की जांच
किसान मोर्चा ने 15 अक्तूबर के हत्याकांड की जांच के लिए पांच सदस्यीय विशेष कमेटी का गठन किया है, जो पूरे मामले की जांच करेगी। तरनतारन के युवक की नृशंस हत्या से जुड़े मामले में किसान संगठनों की ओर से बनाई गई फैक्ट फाइडिंग कमेटी ने अपनी जांच शुरू कर दी है। इस कमेटी के सदस्यों ने गुरुवार को पहले एक बैठक की और उसके बाद काम शुरू किया।

कमेटी अपनी रिपोर्ट 27 अक्तूबर से पहले पेश करेगी। इसमें बलदेव सिंह सिरसा, कंवलप्रीत सिंह पन्नू, काका सिंह कोटड़ा, परगट सिंह और जतिंदर सिंह छीना शामिल किए गए हैं। कमेटी के मेंबर बलदेव सिंह सिरसा के अनुसार, कमेटी अपनी जांच जल्द पूरा करना चाहती है।

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