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साइबर हमले से तहसील का सर्वर डाउन, एंटी वायरस ने दिया जवाब

Wed, 24 May 2017 11:11 PM IST
ब्यूरो अमर उजाला सोनीपत
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जमीन की नकलबंदी निकलवाने के लिए तहसील परिसर में लगी लंबी लाइन - फोटो : amarujala beuro
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एक सप्ताह पहले पूरी दुनिया में हुए साइबर हमले का असर तहसील के सर्वर पर पड़ा है। इसके चलते सर्वर ने काम करना बंद कर दिया। साइबर हमले के दौरान रेंसमवेयर वायरस आने से सर्वर पूरी तरह से डाउन हो गया और तहसील के कंप्यूटरों को वायरस से बचाने के लिए डाला गया एंटी वायरस भी जवाब दे गया। इससे तहसील मेें आने वाले सैकड़ों लोगों को रोजाना परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। वहां, बिना काम हुए लोगों को वापस लौटना पड़ रहा है। जमीन की नकलबंदी निकलवाने के लिए बुधवार को जब विभिन्न गांवों से आए लोगों ने तहसीलदार से मुलाकात की, तब तहसीलदार ने वायरस आने का खुलासा किया। वहीं, तहसीलदार ने जल्द ही पहले की तरह बेहतर सुविधा देने का आश्वासन किसानों को दिया है।
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नए सॉफ्टवेयर की स्पीड धीमी
साइबर हमले के दौरान रेंसमवेयर वायरस आने से कंप्यूटरों में काफी खराबी आ चुकी है। वायरस के कारण तहसील के सॉफ्टवेयर ने भी काम करना बंद कर दिया। उस सॉफ्टवेयर को बंद करके तहसील में काम चालू रखने के लिए लोकल स्तर पर नया सॉफ्टवेयर बनाया गया, लेकिन उसकी स्पीड धीमी होने के कारण पिछले एक सप्ताह से लोगों के काम नहीं हो रहे। तहसील में जमीन की नकलबंदी, जमाबंदी निकलवाने के लिए लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। तहसील में नए सॉफ्टवेयर के सही से काम नहीं करने के कारण रोजाना लगभग 200 किसानों को परेशानी झेलनी पड़ रही है। उनको रोजाना सुबह से शाम तक इंतजार करने के बावजूद नकलबंदी व जमाबंदी नहीं मिल रही है और खाली हाथ लौटना पड़ रहा है।
तहसीलदार से मिले किसान
तहसील के कंप्यूटरों में रेंसमवेयर वायरस आने के कारण पहले सर्वर तो अब सॉफ्टवेयर के काम नहीं करने से परेशान किसानों ने बुधवार को तहसीलदार से मिलकर अपनी समस्या बताई। किसानों का कहना है कि अगले माह धान की रोपाई करने का समय शुरू हो रहा है। यहां पर सर्वर डाउन होने से नकलबंदी तक नहीं मिल रही। नकलबंदी के बिना न बिजली निगम से कनेक्शन मिल रहे हैं और न ही पाइप लाइन दबाने की अनुमति मिल रही है। अन्य कार्य भी रुक गए हैं। तहसीलदार हितेंद्र शर्मा ने उनकी समस्याओं को दूर करवाने के लिए दो दिन का समय मांगा है।
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नकलबंदी न मिलने से परेशानी
खेतों में सिंचाई के लिए ट्यूबवेल लगाना है, जिसके लिए बिजली का कनेक्शन लेना है। कनेक्शन लेने के लिए जमीन की नकलबंदी जरूरी है, लेकिन तहसील में नकलबंदी न मिलने से परेशानी का सामना करना पड़ा रहा है। मैं कई दिनों से तहसील के चक्कर काट रहा हूं।
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