फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

एशियाई कुश्ती चैंपियनशिप : नाहरी के लाडले ने मंगोलिया में लहराया परचम, जीता सोना

विज्ञापन
विज्ञापन
सोनीपत। एशियाई कुश्ती चैंपियनशिप में गांव नाहरी के पहलवान रवि दहिया ने एक बार अपना जलवा दिखाते हुए स्वर्ण पदक जीता। मंगोलिया के उलानबटोर में आयोजित चैंपियनशिप में ओलंपिक रजत पदक विजेता रवि दहिया ने पुरुषों के 57 किग्रा फ्रीस्टाइल के खिताबी मुकाबले में कजाखस्तान के राखत कालजान को 12-2 से पटखनी देते हुए खिताब जीता। लाडले के स्वर्ण पदक जीतने की सूचना मिलते ही गांव नाहरी में जश्न शुरू हो गया। ग्रामीणों ने न केवल गांव में मिठाई बांटी बल्कि गुरु हंसराज के अखाड़े में पहुंचकर नन्हें पहलवानों को भी मिठाई खिलाई। रवि की जीत पर उनके माता-पिता व अन्य परिजनों ने खुशी जताई। रवि के पिता बोले कि बेटे ने कमाल कर दिया।
विज्ञापन


Koo App

मंगोलिया की राजधानी उलानबटोर में आयोजित एशियन रेसलिंग चैंपियनशिप के 57 किलोग्राम भार वर्ग में🥇 स्वर्ण पदक 🥇जीतने पर पहलवान रवि दहिया जी को बहुत-बहुत बधाई शुभकामनाएं। पूरे देश को आप पर गर्व है।🇮🇳 #goldmedal🇮🇳

View attached media content

- SANDEEP SINGH (@flickersingh) 23 Apr 2022



एशियाई कुश्ती चैंपियनशिप मेें रवि दहिया ने शनिवार को पहले जापान के रिकुतो अराई को हराया। बाद में मंगोलिया के जानाबाजार जंदनबुड पर 12-5 से जीत दर्ज कर फाइनल में जगह बनाई। खिताबी मुकाबले की शुरुआत में कालजान आगे चल रहे थे और उन्होंने भारतीय पहलवान रवि दहिया को कोई अंक नहीं लेने दिया। बाद में रवि दहिया ने अपने चिर परिचित अंदाज में तकनीक का प्रयोग करते हुए मुकाबले में दबदबा बनाना शुरू कर दिया। रवि ने लगातार छह बार दो अंक हासिल किए। यही नहीं उन्होंने खुद को लेफ्ट-लेग अटैक से भी बचाया। जिससे यह मुकाबला दूसरे पीरियड के शुरू में ही खत्म हो गया। जिसके परिणामस्वरूप भारत ने इस साल प्रतियोगिता में पहला स्वर्ण पदक जीत लिया। रवि ने दिल्ली में 2020 चरण में और पिछले साल अलमाटी में भी स्वर्ण पदक जीता था। बेटे की उपलब्धि से गदगद पिता राकेश दहिया ने कहा कि रवि के लिए हर त्योहार उसकी कुश्ती ही है।
विज्ञापन


Koo App

हरियाणा की बेटी राधिका को एशियन रेसलिंग चैंपियनशिप में सिल्वर मेडल जीतने पर बधाई एवं उज्जवल भविष्य के लिए शुभकामनाएं।

View attached media content

- SANDEEP SINGH (@flickersingh) 23 Apr 2022




रवि की माता उर्मिला ने कहा कि बेटे को जी भर कर खिलाने-पिलाने का मन था, लेकिन रवि अगली प्रतियोगिताओं की तैयारियों में जुट जाता है और घर पर बेहद कम रहता है। हमें बेटे पर नाज है। वहीं पंचायत समिति सदस्य सुकेश रानी ने सरकार से मांग की है कि गांव की महिला पहलवान भी दम दिखाने के लिए तैयार हैं, बशर्ते उन्हें सुविधाएं मुहैया करवाई जाएं। उन्होंने कहा कि गांव में महिला पहलवानों के लिए भी अलग से अखाड़े की व्यवस्था होनी चाहिए। गांव के निवर्तमान सरपंच रविंद्र, पदम दहिया, विक्रम दहिया, बिजेंद्र, राकेश, ब्रिजेश, कुलदीप, उदित पहलवान ने कहा कि रवि आगामी प्रतियोगिताओं में भी शानदार प्रदर्शन करेगा।
इंसेट
रवि ने 9 माह में जीते तीन पदक
रवि दहिया का सत्र का यह दूसरा फाइनल था। इससे पहले फरवरी में डान कोलोव स्पर्धा में रजत पदक जीता था। ओलंपिक रजत पदक विजेता रवि ने एक बार फिर अपनी शारीरिक क्षमता और रणनीतिक श्रेष्ठता का परिचय देते हुए पुरुषों के 57 किग्रा फ्रीस्टाइल में सभी प्रतिद्वंद्वियों को चित कर दिया। ओलंपिक के बाद से वे कड़ी मेहनत कर रहे हैं। यही कारण है 9 माह में 3 पदक जीतकर परचम लहरा चुके हैं।
इंसेट
बजरंग पूनिया ने जीता रजत पदक
टोक्यो ओलंपिक में कांस्य पदक जीतने वाले स्टार पहलवान बजरंग पूनिया ने 65 किलोग्राम भारवर्ग में रजत पदक से संतोष करना पड़ा। बजरंग फाइनल में ईरान के रहमान मूसा से 3-1 से हार गए। सोनीपत के मॉडल टॉउन में रहने वाले बजरंग पूनिया के भाई हरेंद्र पूनिया ने बताया कि बजरंग का प्रदर्शन लगातार निखर रहा है। आगामी प्रतियोगिताओं में जरूर स्वर्ण पदक जीतेगा।
इंसेट
गुमड़ के नवीन ने दिखाया शानदार खेल
सोनीपत के गांव गुमड़ निवासी नवीन ने भी 70 किलोग्राम भार वर्ग में शानदार खेल दिखाते हुए कांस्य पदक जीता। उन्होंने कांस्य पदक के लिए खेले गए मुकाबले में मंगोलिया के पहलवान को हराया। वर्तमान एशियन चैंपियनशिप में फ्री-स्टाइल वर्ग पदक जीतने वाले नवीन सोनीपत से तीसरे पहलवान हैं। पदक जीतने के साथ ही गुमड़ में नवीन के घर पर जश्न का माहौल है।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें