चोपटा। नाथूसरी चोपटा स्थित दयानंद स्कूल के संचालक रविंद्र गोदारा का अंतिम संस्कार उनके पैतृक गांव चूली में बड़े गमगीन माहौल के साथ किया गया। इसके नाथूसरी चोपटा क्षेत्र के सभी निजी विद्यालयों ने उनके शोक में 3 दिन के लिए स्कूल बंद करने का फैसला किया। उधर राजस्थान के भिरानी पुलिस थाने में पांच नामजद लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है।
बता दे कि सिद्धमुख नहर की रासलाना वितरिका में शुक्रवार की शाम सागड़ा गांव के पास मिले चोपटा में संचालित डीएन स्कूल के संचालक रविंद्र गोदारा के शव के मामले में नया मोड़ आ गया है। मृतक के भाई विजेंद्र सिंह के परिवार पर भिरानी पुलिस ने सिरसा के चोपटा निवासी हनुमान पूनियां, प्रेम कासनियां, राजवीर भांभू, यश भांभू व एक निजी स्कूल संचालक के खिलाफ रुपये मांगने और आत्महत्या के लिए उकसाने की गंभीर धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज किया है। आरोपियों में दो अपने-अपने यूट्यूब चैनल चलाते हैं। उन पर मृतक के परिजनों ने पिछले लगातार दो वर्ष से प्रताड़ित करने जैसे गंभीर आरोप लगाए हैं।
रविंद्र गोदारा हिसार जिले के गांव चूली कलां निवासी था और अपने बहनोई भरत सिंह के साथ मिलकर चोपटा में दयानंद उच्च माध्यमिक विद्यालय का संचालन करता था और यह विद्यालय क्षेत्र के टॉप विद्यालयों की श्रेणी में आता है। हालांकि 10वीं और 12वीं के परीक्षा परिणाम आने के बाद कुछ यूट्यूब पत्रकारों के साथ अभिभावकों ने बवाल मचाया था। मृतक ने नहर में कूदने से पहले आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोप में चार लोगों के खिलाफ वीडियो बनाकर भी सोशल मीडिया पर अपलोड किया। जिसमें उसने प्रताड़ित करने वालों के नाम लिए और कहा की जो मैं काम करने जा रहा हूं माफ करने लायक नहीं है। मृतक दो पेज का सुसाइड नोट डायरी में लिखकर अपनी गाड़ी में छोड़कर नहर में कूद गया था। भिरानी पुलिस ने शनिवार को राजकीय अस्पताल भादरा में मृतक का पोस्टमार्टम करवाकर शव परिजनों को सौंप दिया है।