सिरसा। सहकारी समिति बस ऑपरेटर्स की ओर से मनमर्जी के अनुसार ही बसों को रूट पर उतारा जा रहा है। सहकारी समिति की 90 बसों में से केवल 60 बसें ही रूट पर चल रही हैं। इसके चलते यात्रियों को परेशानी उठानी पड़ रही है। इस संबंध में रोडवेज ने अब आरटीओ को पत्र लिखकर बस ऑपरेटरों पर कार्रवाई करने की बात कही है। आरटीओ ने सभी बस ऑपरेटरों को नोटिस जारी किए हैं। बस ऑपरेटरों की ओर से जल्द स्थिति का समाधान नहीं किया तो उनके परमिट भी रद्द किए जा सकते हैं।
सिरसा डिपो के पास कुल 135 बसें है और यात्रियों की संख्या 30 हजार के लगभग है। रोडवेज की ओर से 90 सहकारी समिति की बसों को अलग-अलग रूटों के परमिट दिए गए हैं, लेकिन समिति के बस ऑपरेटर लाभ कमाने के लिए दो बसों के बजाय एक ही बस को रूट पर उतार रहे हैं। इसके कारण यात्रियों की परेशानी उठानी पड़ रही है। बीते करीब एक माह से सहकारी समिति बस ऑपरेटर सिरसा से ऐलनाबाद, रानियां, डबवाली, बणी सहित अन्य लोकल रूटों पर फेरे मिस कर रहे हैं। बस ऑपरेटर दो बसों की सवारियों को एक ही बस में सवार करने के लालच में यात्रियों की परेशानी को बढ़ा रहे है। ऐसे में अब आरटीओ ने बस ऑपरेटरों को नोटिस जारी कर स्थिति में समाधान करने के आदेश दिए हैं।
दो के बजाय एक बस ही उतर रहे रूट पर
निजी बस ऑपरेटर आपस में सांठ गांठ कर दो के बजाए एक ही बस का संचालन रूट पर करते हैं। इससे वे क्षमता से अधिक सवारियों को बस में सवार कर गणतंव्य तक पहुंचाते हैं। ऑपरेटरों की मनमानी के कारण हररोज 30 बसें बस स्टैंड तक पहुंच ही नहीं पाती।
रोडवेज पहले भी कई बार लिख चुका है आरटीओ को पत्र
बस ऑपरेटरों की मनमानी के चलते रोडवेज को इसका नुकसान उठाना पड़ रहा है। निजी बस समय पर न चलने के कारण यात्री रोष प्रदर्शन करते हैं तो रोडवेज को सरकारी बस उस रूट पर भेजनी पड़ती है। निजी बस ऑपरेटरों की मनमानी के कारण रोडवेज महाप्रबंधक की ओर से पहले भी कई बार आरटीओ को पत्र लिखकर कार्रवाई करने की बात कही थी, लेकिन नोटिस करने तक ही कार्रवाई का दायरा सिमट जाता है।
बस पास विद्यार्थियों के लिए ही चाहिए 200 बसें
सिरसा डिपो में 135 और डबवाली सब डिपो में कुल 32 बसें है। जिले में कुल 10 हजार विद्यार्थियों का बस में यात्रा करने के लिए पास बना हुआ है। इनके लिए करीब 200 बसों की आवश्यकता है। इसके अलावा रोजाना 30 हजार के लगभग यात्री रोडवेज बसों में सवार होते हैं। जिसके चलते सिरसा डिपो को ही कुल 400 बसों की आवश्यकता है, लेकिन रोडवेज के पास दोनों स्टेशनों पर ही मात्र 167 बसें है।
सहकारी समिति बस ऑपरेटरों द्वारा बसों को रूट पर न उतारने संबंधित शिकायत मिली हैं। इसके बाद सभी बस ऑपरेटरों को नोटिस जारी किए गए हैं। अगर बस ऑपरेटरों की ओर से जल्द ही समस्या का समाधान नहीं किया जाता तो उनका परमिट भी रद्द किया जा सकता है। - हीरा सिंह, आरटीओ, सिरसा
सहकारी समिति बस ऑपरेटरों की ओर से 60 बसों का ही रूट पर संचालन किया जा रहा है। इसके कारण रूट मिस हो रहे हैं। ऐसे में यात्रियों को इस परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। जिसके बाद आरटीओ को इस संबंध में पत्र भेजा गया है। - सुधीर कुमार, एसएस, बस स्टैंड सिरसा।