सिरसा। किसान आंदोलन समाप्त होने के बाद अब टोल प्लाजा शुरू हो गए हैं। कंपनी ने टोल से गुजरने वाले वाहन चालकों से टैक्स वसूलना शुरू कर दिया गया है। लेकिन अब एक बार फिर किसानों ने टोल पर पहुंचकर नई मांग कर डाली। जिसके स्वीकार ना होने पर आंदोलन की चेतावनी दी है। किसानों ने आसपास के 8 गांवों के ग्रामीणों के लिए नि:शुल्क टोल सेवा सुविधा देने की मांग की है।
भावदीन टोल प्लाजा के पास लगते 8 गांवों भावदीन, मौजू खेड़ा, डिंग, नरेल खेड़ा, पतली, ढाणी माजरा, बग्गूवाली, ढाणी खुहवाली के लिए टोल फ्री करने को लेकर किसान शुक्रवार को भावदीन टोल प्लाजा मैनेजर से मिलने पहुंचे। किसानों ने टोल फ्री ना करने पर आंदोलन की चेतावनी दी है। भारतीय किसान यूनियन चढूनी के जिला सचिव भूपेंद्र सिंह, ब्लॉक प्रधान मलकीत सिंह, हरविंद्र सिंह थिंड मीडिया सलाहकार व प्रीत सरपंच डिंग रोड और किसानों ने टोल कर्मचारी को ज्ञापन सौंपा। इस मुद्दे को लेकर अब टोल मैनेजर से अगले मंगलवार दोपहर को चढूनी समूह के किसानों की बैठक होगी। किसानों ने मांग की है कि इन आठ गांवों को तुरंत प्रभाव से टोल चार्ज मुक्त किया जाए, नहीं तो कोई आंदोलन का रास्ता अपनाएगा।
टोल के नजदीकी गांव के लिए पास का प्रावधान
टोल नियम के अनुसार साथ लगते 1 किलोमीटर के गांव के वासियों के लिए टोल की ओर से एक माह का पास का प्रावधान है। जिसमें 285 रुपये के शुल्क व लोकल आईडी देकर बनाया जा सकता है। साथ ही अगर किसी किसान की टोल के एक किलोमीटर के दायरे में खेतिहर जमीन आती है तो उसका टोल नहीं काटा जाता।
नहीं दी जा सकती मंजूरी, नियमों में नहीं
टोल नियम के अनुसार टोल से गुजरने वाला कोई भी वाहन टोल टैक्स की अदायगी किए बिना नहीं गुजर सकता। वाहन के फास्टैग लगा होना चाहिए या फिर मासिक पास धारक को ही टोल से गुजरने की अनुमति होगी। अगर वाहन चालक के पास या वाहन के फास्टैग नहीं लगा हुआ तो उसे दोगुना टैक्स अदा कर टोल से गुजरना होगा।
टोल कंपनी हर रोज अदा करती है करीब 8 लाख, होगा घटा
आंदोलन के बाद तीन माह के ट्रायल पर जय सिंह कंपनी को टोल चलाने का टेंडर मिला है। कंपनी को टेंडर के नियम अनुसार हर रोज करीब 8 लाख रुपये की राशि नेशनल हाईवे ऑफ अथॉरिटी ऑफ इंडिया के खाते में जमा करवानी होती है। अगर समय पर भुगतान नहीं होता तो जुर्माना लगता है। अगर टोल से कम वाहन गुजरते है तो टोल कंपनी को घटा होगा।
किसान द्वारा आस पास के करीब 8 गांवों को टोल फ्री करवाने के लिए ज्ञापन दिया गया है। जिसको लेकर मंगलवार को बैठक का समय दिया गया है। नेशनल हाईवे ऑफ अथॉरिटी द्वारा टोल प्लाजा के लिए ऐसा कोई नियम नहीं बनाया गया जिसमें गांवों को टोल मुक्त हो।
-नसीब चहल, टोल मैनेजर भावदीन।