सिरसा। जन स्वास्थ्य विभाग में जेई से एसडीई पद पर हुई भर्ती विवादों में आ गई है। पदोन्नति से वंचित रहे जेई ने प्रक्रिया को गलत ठहराते हुए गंभीर आरोप लगाए हैं। कोर्ट केस के साथ-साथ मुख्यमंत्री को भी शिकायत भेजी गई है। जेई ने आरोप लगाए हैं कि विभाग ने सर्विस रूल को दरकिनार करते हुए केवल कानूनी राय के आधार पर उनकी पदोन्नति रोक दी है। पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट में में अगली सुनवाई 16 मई 2022 को है।
मुख्यमंत्री को भेजी शिकायत में जेई सिरसा के मोहन लाल, रूप राम, करनाल के सुभाष चंद्र, झज्जर के नवीन कुमार, पानीपत के संजीव कुमार और रोहतक के रवि कुमार जेई ने बताया कि विभाग की ओर से अक्तूबर 2020 में जेई की पदोन्नति एसडीई के पद पर की गई है। ये पदोन्नति एडवोकेट जनरल की राय यानी कानूनी सलाह पर की गई है जबकि उनकी पदोन्नति रोक दी गई। उन्होंने कहा कि ये सर्विस रूल के खिलाफ है। वरिष्ठता सूची में सीनियर को छोड़कर जूनियर को पदोन्नति दे दी गई। इस बारे में उन्होंने मुख्यमंत्री को भी शिकायत भेजी है। संवाद
ये है पूरा मामला
जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग की ओर से अक्तूबर 2020 में जेई से एसडीई के पदों पर पदोन्नति की जानी थी। जिसमें एडवोकेट जनरल हरियाणा की एक राय (फर्स्ट लीगल ओपिनियन) के चलते पांच जेई को पदोन्नत नहीं किया गया। इस राय के मुताबिक बीटेक के बाद 2 साल व एएमआईई के बाद 5 साल के अनुभव की जरूरत थी। इसी राय के चलते अक्तूबर 2020 में की गई प्रमोशन में 2004 बैच के सीनियर जेई को दरकिनार कर 2012 बैच तक के जूनियर जेई को पदोन्नत कर दिया गया। ऐसे में जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग के जेई रूपराम व नवीन कुमार ने हाईकोर्ट में इस संबंध में याचिका दायर की। इस याचिका में जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग के मुख्य सचिव जन स्वास्थ्य एवं अभियांत्रिकी विभाग, मुख्य अभियंता जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग सेक्टर 4 पंचकूला, पवन कुमार एसडीई जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग कनीना व गिरीश कुमार एसडीई जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग सफीदों को पार्टी बनाया गया है। इस मामले की अगली सुनवाई 16 मई 2022 को होनी है।
सीनियर होने के बावजूद पदोन्नति से वंचित रहे जेई
नाम सीनियर लिस्ट में क्रमांक
मोहनलाल 14
रूपराम 22
अजय कुमार 41
विरेंद्र सिंह 44
नवीन कत्याल 125
इनको मिली पदोन्नति
नाम सूची में क्रमांक
सुनील कुमार, 46
रविंद्र सिंह, 47
विजय पाल, 51
विक्रम पूनिया, 77
प्रदीप कुमार, 124
आबिद हसन, 137
अनिल कुमार, 150
सर्वजीत सिंह, 160
अर्पित धीमान, 171
पवन कुमार, 177
गिरीश कुमार, 185
नियमानुसार पदोन्नति की गई है। फिर भी अगर इससे कोई प्रभावित हुआ है तो मुझे शिकायत भिजवाएं, जांच की जाएगी।
- आसीम खन्ना, इंजीनियर इन चीफ, जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग, पंचकूला।