संवाद न्यूज एजेंसी
सिरसा। चौधरी देवीलाल यूनिवर्सिटी में जल्द ही नए टीचिंग ब्लॉक का निर्माण शुरू होगा। इसकी मंजूरी मिल चुकी है और मुख्यमंत्री शिलान्यास भी कर चुके हैं। अब इसकी टेंडर प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। जल्द ही इसका वर्क ऑर्डर भी जारी किया जाएगा। इसके अलावा सीडीएलयू कैंपस में ही विद्यार्थियों के लिए एक्टिविटी सेंटर और अन्य निर्माण भी करवाए जाएंगे। इसके लिए भी सरकार की ओर से अधिकारिक मंजूरी आ चुकी है।
सीडीएलयू में हर साल विद्यार्थियों के दाखिले बढ़ते जा रहा है और नए विभागों की भी स्थापना हो रही है। इसलिए सीडीएलयू प्रशासन ने एक नया टीचिंग ब्लॉक बनाने का फैसला किया। इसका प्रस्ताव बनाकर सरकार के पास भेजा गया था। सरकार की ओर से मंजूरी मिल चुकी है। टीचिंग ब्लॉक के लिए मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने सिरसा दौरे के दौरान शिलान्यास भी कर चुके हैं। अब सीडीएलयू ने टेंडर प्रक्रिया शुरू कर दी है। अगले महीने की 13-14 जुलाई को टेंडर खुलने की संभावना है। इसके बाद वर्क ऑर्डर जारी कर निर्माण कार्य शुरू करवाया जाएगा। नये टीचिंग सेंटर के लिए सरकार ने करीब साढ़े 18 करोड़ रुपये भी मंजूर कर दिए हैं।
2.37 लाख से होगा एक्टिविटी सेंटर का निर्माण
सीडीएलयू में विद्यार्थियों को विभिन्न प्रकार की गतिविधियों करवाने के लिए अलग से जगह उपलब्ध करवाई जाएगी। इसके लिए स्टूडेंट एक्टिविटी सेंटर का निर्माण होगा। इसकी भी सरकार की ओर से मंजूर मिल चुकी है और टेंडर प्रक्रिया शुरू है। करीब 2.37 लाख रुपये की लागत से इस सेंटर का निर्माण होगा। इसके अलावा एक अन्य यूआईटीडीसी का भवन भी तैयार करवाया जाएगा। इस पर करीब 8 करोड़ 82 लाख रुपये खर्च होंगे। इनके भी टेंडर कॉल कर लिए गए हैं।
नैक टीम आने से पहले की तैयारी, चल रहा रिपेयरिंग का काम
नैक टीम का भी जुलाई माह में दौरा है। इसलिए सीडीएलयू प्रशासन की ओर से रिपेयरिंग का काम चल रहा है। जहां जरूरत है, वहां पेंट भी करवाया जा रहा है। इसके अलावा सफाई को लेकर भी विशेष निर्देश दिए गए हैं। टीम तीन दिन सिरसा सीडीएलयू कैंपस में रुकेगी। इस दौरान न केवल सीडीएलयू की उपलब्धियां देखेगी बल्कि ये भी जांचा जाएगा कि विश्वविद्यालय प्रशासन की व्यवस्था कैसी है। परीक्षा व्यवस्था, परिणाम कैसा है और शिक्षा का स्तर क्या है।
उम्मीद : ए-ग्रेड मिला तो बढ़ेंगी सुविधाएं
नैक टीम आने के बाद अपनी रिपोर्ट देगी। इस आधार पर सीडीएलयू को ग्रेड मिलेगा। उम्मीद है कि इस बार सीडीएलयू को ए-ग्रेड मिल जाए। यदि ए-ग्रेड मिल जाए तो सीडीएलयू में सुविधाएं बढ़ेंगी। जहां एक ओर सीडीएलयू का बंद पड़ा डिस्टेंस एजुकेशन सेंटर शुरू हो सकेगा, वहीं दूसरी ओर यहां से मिलने वाली डिग्रियों का महत्व बढ़ेगा। इसके अलावा सरकार और यूजीसी की ओर से आने वाले सालाना फंड में भी इजाफा होगा। इसलिए प्रयास किए जा रहे हैं इस बार ग्रेड में सुधार हो। इससे पहले सीडीएलयू के पास बी-ग्रेड है।
विद्यार्थियों के लिए सुविधा बढ़ाने का हो रहा प्रयास : वीसी
हमारा प्रयास है कि विद्यार्थियों के लिए अधिक से अधिक सुविधा दी जा सके। इसलिए नैक टीम से पहले तैयारी की जा रही है। यदि ग्रेड सुधरेगा तो व्यवस्था भी सुधरेगी। यहां विकास के रास्ते भी खुलेंगे। शोध गतिविधियों को भी बढ़ावा मिलेगा।
-- प्रो. अजमेर सिंह मलिक, वीसी, सीडीएलयू।