सिरसा। निजी फर्म संचालक एमएसपी से पांच व 10 रुपये गेहूं का अधिक दाम देकर किसानों से सीधा फसल खरीद रहे हैं और बिना मार्केट फीस दिए ही उनकी पैकिंग कर रहे हैं। ऐसा ही एक मामला शुक्रवार को डबवाली और ऐलनाबाद में देखने को मिला। सीएम फ्लाइंग ने डबवाली और ऐलनाबाद के अलग-अलग सात गोदामों पर छापा मार कर जांच की तो उनके पास मार्केट फीस जमा करवाने की कोई पर्ची नहीं मिली। जिसके बाद टीम ने सात फर्मों पर करीब छह लाख रुपये का जुर्माना लगाया है।
हिसार के एसआई राजेश कुमार के नेतृत्व में शुक्रवार को सुबह 10 बजे सीएम फ्लाइंग ने डबवाली की अमित बंसल राजेश कुमार एंड संस, रामचंद्र और कुंदन लाल हरबंस सिंह कंपनी पर छापा मारा। इस दौरान सिरसा के साहब राम भी उपस्थित रहे। टीम ने गोदाम की जांच की तो यहां पर काफी मात्रा में गेहूं मिला। हालांकि किसान गेहूं उतारकर जा चुके थे और बैगों में भरने के बाद लोडिंग किए जाने का कार्य किया जा रहा था। सीएम फ्लाइंग ने गोदाम संचालकों से मार्केट फीस जमा करवाने के दस्तावेज व पर्चियां मांगी तो उनके पास कोई भी दस्तावेज नहीं मिल पाया। हालांकि इसी मामले को लेकर टीम देर शाम तक जांच करती रही। जिसके बाद टीम ने ऐलनाबाद में छापा मारा और यहां पर तीन गोदामों पर तीन लाख रुपये का जुर्माना लगाया।
डबवाली में बिना फीस जमा करवाए ही गोदामों में रखवाया था तीन हजार क्विंटल गेहूं
डबवाली की रामचंद्र ट्रेडिंग पर 900 क्विंटल, अमित बंसल रमेश कुमार एंड संस पर 1100 क्विंटल और कुंदनलाल हरबंस लाल कंपनी में एक हजार क्विंटल गेहूं पाया गया। जिसके बाद टीम ने तीनों गोदाम संचालकों पर तीन लाख रुपये का जुर्माना लगा दिया। वहीं सीएम फ्लाइंग अब अलग-अलग स्थानों पर भी छापे मार रही है। ऐलनाबाद में भी टीम ने छापा मारा। हालांकि ऐलनाबाद के गोदामों की अभी टीमों की ओर से जांच की जा रही है।
पहले भी लगाया गया है टीम की ओर से कई गोदामों पर जुर्माना
डबवाली के से कुछ दिन पहले ही कालांवाली क्षेत्र में भी टीमों ने छापा मार कर कई गोदाम संचालकों पर जुर्माना लगाया था। जिसके बाद भी गोदाम संचालक बिना फीस कटवाए ही गोदाम में गेहूं डलवा रहे है। जिससे सरकार को इसका नुकसान उठाना पड़ रहा है।
फर्म संचालक किसानों से सीधा खरीद रहे हैं गेहूं
गेहूं की खरीद प्रक्रिया अभी चल रही है। जिसके चलते फर्म संचालक खेतों में पहुंचकर किसानों से सीधा ही गेहूं की खरीद कर रहे हैं। निजी फर्म संचालक मार्केट फीस बचाने के चक्कर में किसानों को एमएसपी से पांच व 10 रुपये अधिक दाम देकर मंडी की बजाए गोदाम में गेहूं मंगवा रहे हैं। जिससे सरकार को इसकी काफी चपत लग रही है। उपायुक्त की ओर से भी इस तरह के मामलों की जांच के लिए टीमों का गठन किया गया है।
किसानों से सीधा गेहूं खरीदने के बाद गोदाम में भरे गए बैग।- फोटो : Sirsa