नाबालिग का अपहरण कर दुष्कर्म करने के मामले में अदालत ने जगदीश कॉलोनी के युवक को 10 साल कैद की सजा सुनाई है। साथ ही 5700 रुपये का जुर्माना भी लगाया है। जुर्माना न भरने पर 2 माह 25 दिन की अतिरिक्त सजा भुगतनी पड़ेगी।
पुलिस में दर्ज रिपोर्ट के अनुसार फरवरी 2019 को एक महिला ने आर्य नगर थाने में शिकायत दी थी कि उसकी नाबालिग बेटी साढ़े 12 बजे डीएलएफ कॉलोनी में ट्यूशन पढ़ने गई थी, लेकिन वह नहीं लौटी तो चिंता हुई। उसने ट्यूशन सेंटर पर जाकर पता किया तो लड़की वहां आई ही नहीं थी। महिला ने युवती की सहेलियों से पूछताछ की, लेकिन कहीं पता नहीं लग सका। पुलिस ने गुमशुदगी का मामला दर्ज कर छानबीन शुरू की। जांच में पुलिस ने 10वीं के प्रमाणपत्र के आधार पर पाया कि घटना के समय लड़की की उम्र 17 साल 11 माह थी। ऐसे में अज्ञात के खिलाफ नाबालिग को बहला फुसलाकर अपहरण करने का केस दर्ज किया गया। एक सप्ताह बाद पुलिस को भनक लगी कि लड़की बिहार के गोपालगंज में है। पुलिस ने बिहार जाकर न केवल नाबालिग को बरामद किया, बल्कि आरोपी भीम सिंह को भी गिरफ्तार कर लिया। तभी से आरोपी के खिलाफ जिला अदालत में केस की सुनवाई चल रही थी। शुक्रवार को कोर्ट ने भीम सिंह को दोषी मानते हुए सजा सुनाई है।
किस आईपीसी की धारा में कितनी सजा व जुर्माना
धारा सजा जुर्माना
363 3 साल 500 रुपये
366 3 साल 1 हजार रुपये
344 1 साल 200 रुपये
376 10 साल 2 हजार रुपये
4 पॉक्सो एक्ट 10 साल 2 हजार रुपये
नोट : सभी सजा एक साथ चलेंगी।