हरियाणा के रोहतक में पैसे लेकर युवती की जबरन शादी करवाने के मामले में पुलिस ने दो महिलाओं सहित चार के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस केस में युवती को बंधक बनाकर रखने, शादी के नाम पर खरीद फरोख्त करने और एससी-एसटी एक्ट के तहत जांच पड़ताल कर रही है। सोमवार को पुलिस अधीक्षक उदय सिंह मीना से वाल्मीकि महासभा के सदस्य पीड़ित परिवार के साथ मिले। युवती से खुद एसपी ने बातचीत की। इसके बाद डीएसपी डॉक्टर रवींद्र ने दोनों पक्षों को बुलाकर जांच पड़ताल की। अभी किसी आरोपी को गिरफ्तार नहीं किया गया है।
पुलिस के मुताबिक युवती ने दी शिकायत में बताया कि वह अपने माता-पिता के साथ रह रही थी, जहां एक महिला अपने पति के साथ किराये पर रहती थी। महिला व उसका पति उसे बाजार में खरीदारी करने के बहाने अपने साथ ले गए। उसे जींद रोड पर नशीला पदार्थ खिलाया।
उसके बाद जब होश आया तो खुद को झज्जर के एक घर के अंदर कमरे में बंद पाया। वहां पर एक युवक को बुलाया हुआ था, जिसके साथ जबरन माला डलवाकर व फेरे करवाकर उसकी शादी करवा दी। चार माह बाद उसे दिल्ली के एक युवक के घर भेज दिया गया। वहां पर युवक ने कहा कि, वह उसे केवल एक साल के लिए लेकर आया है। अगर भागने का प्रयास किया तो तुझे व तेरे परिवार को जान से मार देगा।
होली के दिन किसी तरह घर से निकली
युवती ने बताया कि होली के दिन किसी तरह वह घर से निकलने में कामयाब रही। नजफगढ़ से बहादुरगढ़ पहुंची, जहां से बस में एक महिला डॉक्टर मिली। वह उसे बहादुरगढ़ पुलिस के पास ले गई। इसके बाद रोहतक पुलिस उसे लेकर आ गई।
युवती के साथ अन्याय हुआ, सख्त कार्रवाई करे पुलिस
पीड़ित परिवार के साथ सोमवार को हरियाणा वाल्मीकि महासभा के सदस्य सेमचंद वाल्मीकि, राजबीर वाल्मीकि, रामधारी वाल्मीकि, विनोद कुमार व सभा के जिला अध्यक्ष राजेश बोहत एसपी उदय सिंह मीना से मिले। साथ ही डीएसपी डॉक्टर रवींद्र कुमार ने दोनों पक्षों को पूछताछ के लिए बुलाया और आमने-सामने पूछताछ की।
केस दर्ज कर पुलिस ने पूछताछ की है। दोनों पक्षों बुलाया गया था। अभी और तथ्य जुटाए जा रहे हैं। किसी आरोपी को गिरफ्तार नहीं किया गया है। - डॉ. रवींद्र कुमार, डीएसपी सिटी